किसान मोर्चा गांव-गांव किसानों के बीच पहुंचकर उनकी समस्याओं के समाधान का बने सशक्त माध्यम : मीना बिसेन
जिला भाजपा कार्यालय में किसान मोर्चा की बैठक संपन्न, नवनियुक्त पदाधिकारियों का हुआ अभिनंदन; सेवा समर्पण सप्ताह की कार्ययोजना पर मंथन
किसान मोर्चा गांव-गांव किसानों की समस्याओं का बने माध्यम: मीना बिसेन
सिवनी यशो :- जिला भाजपा कार्यालय में किसान मोर्चा की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें संगठन को गांव-गांव तक मजबूत करने, किसानों से निरंतर संवाद स्थापित करने तथा सेवा समर्पण सप्ताह के आगामी कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से संचालित करने को लेकर विस्तार से मंथन किया गया। बैठक में किसान मोर्चा के नवनियुक्त मंडल अध्यक्षों एवं पदाधिकारियों का परिचय कराते हुए भगवान बलराम की प्रतिमा से अभिनंदन किया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष श्रीमती मीना बिसेन ने किसान मोर्चा को पार्टी का अत्यंत महत्वपूर्ण एवं जिम्मेदार मोर्चा बताते हुए कहा कि किसान मोर्चा के पदाधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्र के किसानों तथा खेती-किसानी से जुड़े मजदूरों के हितों की व्यापक चिंता करते हुए पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य करना होगा।
उन्होंने कहा कि सिवनी जिला मूल रूप से कृषि आधारित क्षेत्र है और यहां की आर्थिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार किसान एवं कृषि है। ऐसे में किसान मोर्चा की भूमिका केवल संगठनात्मक गतिविधियों तक सीमित नहीं रह सकती। मोर्चे के कार्यकर्ताओं को गांव-गांव पहुंचकर किसानों के बीच पार्टी की मजबूत और आत्मीय उपस्थिति दर्ज करानी होगी।
श्रीमती बिसेन ने कहा कि किसानों की वास्तविक समस्याओं को समझना, उनकी आवश्यकताओं को जानना और उनके समाधान के लिए हर संभव स्तर पर प्रयास करना किसान मोर्चा के प्रत्येक कार्यकर्ता की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। किसानों के सुख-दुख में सहभागी बनकर ही संगठन उनके बीच विश्वास का मजबूत आधार तैयार कर सकता है।
उन्होंने कहा कि किसान मोर्चा की वास्तविक ताकत उसकी गांव और खेत तक पहुंच में है। जब कार्यकर्ता निरंतर किसानों के बीच रहेगा, उनकी बात सुनेगा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास करेगा, तभी संगठन के प्रति किसानों का विश्वास और मजबूत होगा।
भाजपा जिलाध्यक्ष ने पदाधिकारियों से आह्वान किया कि वे शासन की किसान हितैषी योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाएं और पात्र किसानों को योजनाओं का लाभ दिलाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि किसानों से निरंतर संपर्क, संवाद और उनकी समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता को संगठनात्मक कार्य का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया जाना चाहिए। जमीनी स्तर पर सक्रियता ही संगठन को स्थायी मजबूती प्रदान करेगी।
संगठन को गांव-गांव तक मजबूत बनाने पर जोर
बैठक में पूर्व विधायक नरेश दिवाकर एवं संभाग प्रभारी राजेश पवार ने भी संबोधित करते हुए संगठन की मजबूती और किसान मोर्चा की भूमिका पर अपने विचार रखे। किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष प्रदीप राय ने बैठक की प्रस्तावना रखते हुए आगामी संगठनात्मक गतिविधियों और कार्ययोजना की जानकारी दी।
इस अवसर पर किसान मोर्चा के विभिन्न मंडलों में नवनियुक्त अध्यक्षों एवं पदाधिकारियों का परिचय कराया गया तथा भगवान बलराम की प्रतिमा से उनका अभिनंदन किया गया। नवनियुक्त पदाधिकारियों से संगठन को बूथ एवं ग्राम स्तर तक और अधिक सक्रिय बनाने तथा किसानों से निरंतर संपर्क बनाए रखने का आह्वान किया गया।
सेवा समर्पण सप्ताह की कार्ययोजना पर मंथन
बैठक में सेवा समर्पण सप्ताह के अंतर्गत आयोजित होने वाले आगामी कार्यक्रमों को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई। पदाधिकारियों को कार्यक्रमों की जिम्मेदारियों और संगठनात्मक स्तर पर उनकी प्रभावी क्रियान्वयन प्रक्रिया से अवगत कराया गया।
किसान मोर्चा के कोषाध्यक्ष संदीप रघुवंशी ने भी संक्षिप्त उद्बोधन दिया। कार्यक्रम में पूर्व मंत्री राकेश बैस की गरिमामयी उपस्थिति रही।
मंच संचालन नाहर पटेल ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन देवेंद्र रांगडाले ने व्यक्त किया।
बैठक में किसान मोर्चा के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने संगठन को गांव-गांव तक और अधिक प्रभावी बनाने तथा किसानों के हितों से जुड़े विषयों को प्राथमिकता के साथ उठाते हुए सक्रियता से कार्य करने का संकल्प लिया।



