दिल्ली। संसद के विशेष सत्र में पेश करके पारित किया गया महिला आरक्षण बिल अब काननू बन गया है। इस आशय का नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है। जिसमें नारी शक्ति वंदन अधिनियम को मंजूरी दे दी गई है, इस अधिनियम के तहत 33 प्रतिशत महिला को आरक्षण मिलेगा। राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने अधिनियम को मंजूरी देकर अब इसे कानून का रूप दे दिया है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की सहमति मिलने के बाद भारत सरकार ने महिला आरक्षण विधेयक के लिए एक गजट अधिसूचना जारी कर दिया है।
संसद के विशेष सत्र के दौरान लोकसभा (Lok
[caption id="attachment_7827" align="aligncenter" width="755"]

नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल बना कानून[/caption]
Sabha) और राज्यसभा (Rajya Sabha) में महिला आरक्षण बिल 2023 पारित हो गया था. इसके बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू (President Droupadi Murmu) के पास इस विधेयक को भेजा गया है. राष्ट्रपति ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को मंजूरी दे दी है. राष्ट्रपति की अनुमति के बाद भारत सरकार ने शुक्रवार को महिला आरक्षण विधेयक 2023 (Women Reservation Bill 2023) को लेकर एक गजट अधिसूचना जारी की है. अब ये बिल कानून बन गया है.