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मध्यप्रदेश सरकार की तबादला नीति क्या होगी इसको लेकर असमंजस

Dainik Yashonnati

Dainik Yashonnati / Jun 30, 2024 07:20 pm / Post views : 182

मध्यप्रदेश सरकार की तबादला नीति क्या होगी इसको लेकर असमंजस
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भोपाल:- प्रदेश में विधानसभा और लोककसभा चुनाव  (Assembly and Lok Sabha elections)  के कारण ट्रांसफर (transfer) पर रोक लगी हुई थी। हर वर्ष जून और जुलाई में ट्रांस्फर के बैन खुल जाते है परंतु इस बार अभी तक सरकार की तबादला नीति (transfer policy)  का ही पता नहीं है । पूरा जून समाप्त हो गया जुलाई प्रारंभ हो रहा है । कर्मचारियों के ट्रांसफर की हलचल भी तेज हो रही है । चल रही सुगबुगाहट के अनुसार सीएम मोहन सरकार (CM Mohan government) इस साल में होने वाले ट्रांसफर के लिए पॉलिसी का ड्रॉप तैयार (Policy drop ready for transfer) कर रही है और बहुत जल्द प्रदेश में जिला स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों के ट्रांसफर पर लगे बैन खोले जाने की संभावना हे । 

मंत्रियों को पहले देना होगा जिलों का प्रभार

ट्रांसफर नीति को लेकर सामने आया है कि सरकार पिछले बार के मुकाबले इस बार भी इसमें ज्यादा चेंजेस नहीं करेगी। हालांकि अगली कैबिनेट (Cabinet) में यह मुद्दा शामिल किया जा सकता है। वहीं, इस बार की ट्रांसफर पॉलिसी के संबंध में जो बात सामने आ रही है उसके अनुसार प्रभारी मंत्री (Minister in charge) की परमिशन के आधार पर जिला कलेक्टर (District Collector) इनका ट्रांसफर कर सकेंगे परंतु यदि तबादला नीति में प्रभारी मंत्री की अनुमति वाली बात रहेगी तो सरकार को पहले जिलों में मंत्रियों की नियुक्ति करना होगी । मोहन सरकार ने अभी तक मंत्रियों को जिले का प्रभार नहीं दिया है । यह अवश्य कहा है कि स्वतंत्रता दिवस का ध्वजा रोहण प्रभारी मंत्री करेंगे । 
प्रदेश में हर साल अधिकारियों के ट्रांसफर करने के लिए तबादला नीति घोषित की जाती है और उसी के आधार पर तबादले किये जाते है । इस वर्ष  की ट्रांसफर पॉलिसी अभी तक घोषित नहीं हुई है । केवल चर्चाओं में सुनाई दे रहा है । सरकार जब तबादला की नीति बनायेगी तब उसके आधार पर  शासकीय कर्मचारियों के ट्रांसफर के फैसले लिये जा सकते है। इस बार की ट्रांसफर पॉलिसी को प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव की स्वीकृति मिलने के बाद फाइनल कर दिया जाएगा।

प्रभारी मंत्री की अनुमति से कलेक्टर कर सकेंगे ट्रांसफर

तबादला नीति बनने के बाद प्रदेश के तृतीय और चतुर्थ श्रेणी  के कर्मचारियों के ट्रांसफर जिले में प्रभारी मंत्री की स्वीकृति के बाद कलेक्टर कर सकेंगे इस प्रकार की जानकारी अभी तक नई तबादला नीति के तहत होने की संंभावना जताई जा रही है । इसमें राज्य के साथ ही जिला श्रेणी के सभी तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को शामिल किया जाएगा।
पिछले वर्षो की भांति विभागीय मंत्री की सहमति को भी नई तबादला नीति में शामिल किया जा सकता है । जिसमें राज्य संवर्ग के  कर्मचारियों और अधिकारियों को ट्रांसफर करने से पहले विभागीय मंत्री से भी सहमति प्राप्त की जाये और जिले के विभागीय अधिकारी के हस्ताक्षर से आदेश जारी किये जाये । 
कर्मचारियों और अधिकारियों के ट्रांसफर को लेकर सरकार की अभी तक कोई नीति घोषित न होने से तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी असमंजस्य में है उन्हें अपने बच्चों की पढ़ाई के लिये प्रवेश आदि की भी चिंता रहती है । 
सूत्र बता रहे है कि आने वाली तबादला नीति में मान्यता प्राप्त कर्मचारी संघ के प्रमुख पदाधिकारी को छूट मिलेगी। इसमें प्रांतीय,संभागीय, जिला, तहसील और ब्लॉक लेवल कार्यकारिणी में शामिल पदाधिकारियों को छूट मिलेगी।