सिवनी यशो:- विगत लंबे समय से सेवा नियम अनुसार वेतनमान लागू किये जाने की मांग रहे सहकारी समिति कर्मचारी, मांगे पूरी नहीं होने पर समूचे मध्यप्रदेश में प्रदेश की सहकारी (पैक्स) समितियों के कर्मचारियों का संयुक्त प्रांतीय संगठन सहकारिता की महापंचायत हेतु दिनाँक 16 अगस्त से सारे काम बंद अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। मध्यप्रदेश सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ के आव्हान पर जिले की सहकारी समितियों में कार्यरत सैकड़ो कर्मचारियों ने मुख्यालय में अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू कर दिया है। उनका कहना हैं, कि चुनावी माहौल में प्रदेश के मुख्यमंत्री सारे कर्मचारियों की महापंचायतो को बुलाकर उनकी माँगे पूर्ण कर रहे है। ऐसे में सहकारी समिति कर्मचारियों की भी शासन को महापंचायत बुलाकर उनकी भी माँगे पूर्ण करना चाहिए। सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ जिलाध्यक्ष बंशीलाल ठाकुर ने बताया कि सेवा नियम अनुसार सहकारी समिति के कर्मचारियों को शासकीय कर्मचारी का दर्जा देकर समतुल्य वेतनमान दिये जाने की मांग निरंतर की जा रही हैं, लेकिन हर बार केवल संतोषजनक परिणाम नही मिलता सिर्फ आश्वासन देकर ही हमारे आंदोलन को शासन द्वारा ध्वस्त कर दिया जाता है। उन्होने कहा सरकार लिखित आश्वासन के बाद भी हमारी माँगो पर अमल करने को तैयार नहीं है। सहकारी समिति कर्मचारियों द्वारा अपनी मात्र एक सूत्रीय वेतनमान की माँग को लेकर आंदोलन किया जा रहा है। जिसमें सभी सहकारी समिति में कार्य करने वाले कर्मचारियों को शासकीय कर्मचारी का दर्जा देकर समतुल्य वेतनमान दिये जाने का आदेश तत्काल लागू करने की माँग प्रमुख है इस प्रमुख मांग को लेकर कर्मचारी 16 अगस्त से 21 अगस्त तक मुख्यालय में काम बंद हड़ताल पर रहेंगे। एवं 22 अगस्त को जिले के सारे कर्मचारी भोपाल पहुँचकर जंगी आंदोलन करेंगे। हड़ताल की वजह से ऋण वसूली प्रभावित रहेगी। उल्लेखनीय है कि मांगों को लेकर लंबे समय से सहकारी कर्मचारियों द्वारा शासन-प्रशासन का ध्यान आकर्षित कराया जा रहा है लेकिन सरकार द्वारा कर्मचारियों के हितों में अब तक किसी प्रकार के सकारात्मक कदम नहीं उठाए गए हैं जिससे कर्मचारियों में रोष व्याप्त है। हड़ताल से आम जनता उपभोक्ता किसानों को हो रही परेशानी के लिए संगठन ने खेद व्यक्त किया है।



