दलालों का ‘खाद सिंडिकेट’ सक्रिय, वीडियो में खुलासा – यूरिया की कालाबाजारी चरम पर
ई-टोकन व्यवस्था के बावजूद किसानों से लूट, चौरई क्षेत्र में बड़ा आरोप
chhindwara 11 June 2026
छिंदवाड़ा यशो:- क्षेत्र में यूरिया, डीएपी और एसएसपी खाद की कालाबाजारी के गंभीर आरोप सामने आए हैं। किसानों की सुविधा के लिए लागू ई-टोकन व्यवस्था के बावजूद, दलालों और कुछ दुकानदारों की मिलीभगत से अवैध वसूली का खेल जारी रहने का दावा किया गया है।
स्टिंग ऑपरेशन में बड़ा खुलासा – किराना दुकान बना ‘कालाबाजारी का अड्डा’
कैमरे में कैद हुआ कथित दलाल, रेट लिस्ट खुद बताई
डूंगरिया निवासी युवक द्वारा किए गए कथित स्टिंग में एक व्यक्ति को किराना दुकान में बैठकर खुलेआम खाद की कालाबाजारी की बात करते हुए रिकॉर्ड किया गया।
आरोपित वीडियो में कथित रूप से यह जानकारी देता नजर आता है—
- सुपर जिंक कोटेड खाद ₹750 में उपलब्ध
- यूरिया ₹850 तक में उपलब्ध कराई जा सकती है
“अन्नदाता परेशान, दलाल मालामाल” – किसानों में भारी आक्रोश
ई-टोकन के नाम पर घटतौली और अवैध बिक्री का आरोप
किसानों का आरोप है कि ई-टोकन प्रणाली के तहत खाद वितरण में पारदर्शिता की बात की जाती है, लेकिन जमीनी हकीकत अलग है।
आरोपों के अनुसार—
- खाद की पूरी मात्रा न देकर बची हुई बोरी अलग कर ली जाती है
- उसी खाद को अधिक कीमत पर बाजार में बेचा जाता है
- दलालों और दुकानदारों का नेटवर्क सक्रिय है
कालाबाजारी का नया मॉडल- ई – टोकन सिस्टम के भीतर छिपा खेल
कैसे बदल गया अवैध कारोबार का तरीका?
ग्रामीणों के अनुसार अब कालाबाजारी सीधे नहीं बल्कि “सिस्टम के अंदर रहकर” की जा रही है—
- ई-टोकन वितरण में हेरफेर
- बची हुई खाद का अवैध पुनर्विक्रय
- दलालों के माध्यम से नकद वसूली
कृषि विभाग का बयान—जांच के आदेश, कार्रवाई का भरोसा
स्टॉक और बिक्री रिकॉर्ड की होगी जांच
कृषि विस्तार अधिकारी उमेश पाटिल ने कहा कि मामला संज्ञान में लिया गया है और—
- दुकानों के स्टॉक की जांच की जाएगी
- ई-टोकन वितरण का मिलान किया जाएगा
- दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी
किसानों की मांग – ‘दलालों पर लगे नकेल, हो सख्त कार्रवाई’
नियमित निरीक्षण और पारदर्शी वितरण प्रणाली की मांग तेज
किसानों ने मांग की है कि—
- खाद वितरण की सख्त निगरानी हो
- ई-टोकन प्रणाली को मजबूत किया जाए
- कालाबाजारी में शामिल लोगों पर कठोर कार्रवाई हो



