सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को मिलेगी रफ्तार, सीएम डॉ. मोहन यादव करेंगे इंदौर - उज्जैन ग्रीन फील्ड कॉरिडोर का भूमिपूजन
भोपाल यशो :- सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को गति देने की दिशा में मध्यप्रदेश सरकार एक महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रही है। मुख्यमंत्री Mohan Yadav एवं केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्री Manohar Lal Khattar 20 जून को सुबह 11 बजे सांवेर विधानसभा क्षेत्र के चंद्रावतीगंज में इंदौर - उज्जैन ग्रीन फील्ड कॉरिडोर का भूमिपूजन करेंगे। लगभग 2,935 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली यह परियोजना सिंहस्थ-2028 की दृष्टि से प्रदेश के लिए एक बड़ी सौगात मानी जा रही है।करीब 48 किलोमीटर लंबे इस फोरलेन ग्रीन फील्ड कॉरिडोर का निर्माण इंदौर के पितृ पर्वत क्षेत्र से उज्जैन के चिंतामन गणेश मंदिर के समीप सिंहस्थ बायपास तक किया जाएगा। परियोजना के पूर्ण होने के बाद इंदौर और उज्जैन के बीच आवागमन अधिक तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक हो जाएगा। साथ ही सिंहस्थ मेले में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को भी बड़ी राहत मिलेगी।
इंदौर - उज्जैन ग्रीन फील्ड कॉरिडोर किसानों को मिला 4 से 8 गुना अधिक मुआवजा
परियोजना के लिए कुल 917 किसानों की लगभग 242.939 हेक्टेयर भूमि प्रभावित हुई है। इसके बदले सरकार द्वारा 816 करोड़ रुपये से अधिक का मुआवजा वितरित किया गया है। विशेष बात यह है कि किसानों को कलेक्टर गाइडलाइन के बजाय वास्तविक बिक्री दरों के आधार पर 4 से 8 गुना तक अधिक मुआवजा प्रदान किया गया है, जिसे प्रदेश में एक नई पहल माना जा रहा है।
15 लाख से अधिक लोगों को मिलेगा लाभ
ग्रीन फील्ड कॉरिडोर से इंदौर जिले के 20 और उज्जैन जिले के 8 गांव सीधे तौर पर जुड़ेंगे। इसके अलावा आसपास के 40 से 50 गांवों के लगभग 15 लाख लोगों को इस परियोजना का लाभ मिलेगा। बेहतर सड़क संपर्क से क्षेत्र में रोजगार, व्यापार और निवेश की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।
एयरपोर्ट से सीधे उज्जैन पहुंच सकेंगे श्रद्धालु
सिंहस्थ-2028 के दौरान देशभर और विदेशों से आने वाले श्रद्धालु इंदौर एयरपोर्ट से सीधे इस कॉरिडोर के माध्यम से उज्जैन पहुंच सकेंगे। इससे शहर के भीतर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और यात्रा समय में भी उल्लेखनीय कमी आएगी।