सहकार से समृद्धि का संकल्प: मंडला में सहकार भारती का स्थापना दिवस उत्साह के साथ संपन्न
जिला कार्यकारिणी, समाजसेवियों की सहभागिता से हुआ आयोजन
मंडला यशो:- स्थानीय रोनित खाना खजाना रेस्टोरेंट में सहकार भारती मंडला जिला इकाई द्वारा स्थापना दिवस समारोह का आयोजन विधिवत रूप से संपन्न हुआ। इस अवसर पर जिला कार्यकारिणी के पदाधिकारी, समाजसेवी एवं संगठन से जुड़े कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ सहकार भारती के संस्थापक लक्ष्मणराव ईनामदार एवं भारत माता के तैलचित्र पर माल्यार्पण,
तिलक वंदन के साथ किया गया।
इसके पश्चात मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया गया।

सहकारिता के उद्देश्य और संस्थापक के विचारों पर प्रकाश
इस अवसर पर संरक्षक बी.के. राय ने सहकार भारती के उद्देश्य, अब तक किए गए कार्यों एवं संस्थापक लक्ष्मणराव ईनामदार के जीवन पर प्रेरक उद्बोधन दिया।
उन्होंने कहा कि-
सहकारिता के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति तक आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण संभव है।
कर्मचारियों और महिला समूहों को जोड़ने पर बल
कोषाध्यक्ष सुनील जैन ने सहकारिता से जुड़े कर्मचारियों की समस्याओं के निराकरण हेतु संगठन की भूमिका पर जोर दिया।
वहीं महिला प्रकोष्ठ प्रमुख सुषमा मिश्रा ने महिला समूहों से जुड़ी हजारों महिलाओं को सहकार भारती से जोड़कर संगठन को और मजबूत करने का आश्वासन दिया।
सहकार से ही संभव है समृद्धि : पूरण ठाकुर
वरिष्ठ मार्गदर्शक पूरण ठाकुर ने अपने ओजस्वी उद्बोधन में सहकारिता मंत्रालय की योजनाओं एवं सहकारिता के क्षेत्र में असीम संभावनाओं की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि –
एक-दूसरे के सहयोग से ही सहकार संभव है और सहकार का संस्कार समाज में गहराई से रोपित होना चाहिए।
18 जनवरी के हिंदू सम्मेलन में सहभागिता का आह्वान
आगामी 18 जनवरी को मंडला में आयोजित हिंदू सम्मेलन के जिला संयोजक सुधीर कांसकार ने कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता देते हुए सभी से सपरिवार सम्मेलन में शामिल होने का आग्रह किया।
उन्होंने बस्ती सम्मेलन, प्रभात रैली एवं पंच परिवर्तन पर अमल करने पर बल दिया।
आगामी गतिविधियों पर हुई चर्चा
जिला अध्यक्ष रंजीत कछवाहा ने आगामी पैक्स सम्मेलन,
अभ्यास वर्ग एवं संगठनात्मक गतिविधियों की जानकारी दी।
कार्यक्रम का संचालन एवं आभार प्रदर्शन भी उनके द्वारा किया गया।
अंत में स्वल्पाहार के साथ क्षेत्रीय स्तर पर छोटी-छोटी बैठकों के आयोजन पर सहमति बनी।
अंततः, स्थापना दिवस समारोह ने सहकारिता आंदोलन को और सशक्त बनाने का संकल्प दोहराया।



