मध्यप्रदेशसिवनी
नवीन कर्माझिरी ग्राम विस्थापित परिवारों के लिये गति पकड़ रहा है
Seoni 06 February 25
सिवनी यशो:- कुरई विकासखंड अंतर्गत आने वाली नेशनल पेंच पार्क में बसे वन ग्राम कर्माझिरी को उठाने की प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है जिसे बसाहट कराने के लिए जोगीवाडा बादलर्पा खुर्द स्थित भूमि पर आवास हेतु प्लाटिंग कार्य हो चुके है । राजस्व निरीक्षक राकेश दीक्षित ने बताया कि नवीन ग्राम को विस्थापन के लिए चिन्हित की गई जमीन पर 75 मकान की प्लाटिंग का कार्य पूर्ण हो चुका है । कार्य करने के लिए राजस्व विभाग वन विभाग ऊर्जा विभाग पी एच विभाग वह अन्य विभागों को अलग-अलग कार्यों सौपे गए हैं । जिसका दो दिनों से वन विभाग एवं राजस्व विभाग के कर्मचारियों के द्वारा 75 प्लाटिंग का नापाई का काम पूर्ण कर लिया गया है ।
इस दौरान राजस्व भू अभिलेख एस एस परतेती, राजस्व निरीक्षक राकेश दीक्षित ,हल्का पटवारी अभिषेक बघेल, रामदास कुमरे, विक्की राज उइके, अजय बघेल, दुर्गा उइके, स्वाति पटेल, शालिनी तिवारी ,थानसिंह सनोडिया ,मनु प्रताप सिंह ,मुकेश बघेल, वन विभाग डिप्टी रेंजर रमेश उइके ,वनरक्षक अजय जैन मौके पर उपस्थित रहे।
आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा नवीन कर्माझिरी ग्राम विस्थापित परिवारों के पास भूमि अथवा आर्थिक लाभ का रहेगा विकल्प
पेंच टाइगर रिजर्व अंतर्गत आने वाले कर्माझरी वन ग्राम के विस्थापन परियोजना को लेकर कलेक्टर सुश्री संस्कृति जैन ने वन विभाग के अधिकारियों के साथ विस्थापित होने वाले परिवारों से पिछले दिनों संवाद किया था । इसके पूर्व कलेक्टर सुश्री जैन ने नवीन कर्माझरी ग्राम के लिए ग्राम जोगीवाड़ा के समीप प्रस्तावित भूमि का अवलोकन सम्बंधित विभागीय अधिकारियों के साथ किया। कलेक्टर सुश्री संस्कृति जैन एवं फील्ड डारेक्टर रजनीश सिंह ने उपस्थित ग्रामीणों को सम्पूर्ण विस्थापन परियोजना की विस्तृत जानकारी दी थी। कलेक्टर सुश्री जैन ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया था कि नवीन कर्माझरी ग्राम को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किया जायेगा। ग्राम में बसने वाले ग्रामीणों की सुविधा के लिए पक्की सड़कें, बिजली,पानी, स्वास्थ्य केंद्र,आंगनवाड़ी केंद्र, स्कूल जैसी सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जायेगी। इसके अतिरिक्त बेहतर कृषि गतिविधियों के लिए स्थानीय स्तर में उपलब्ध तालाब के माध्यम से सिंचाई परियोजना का कार्य जल संसाधन विभाग द्वारा किया जायेगा।
पात्रता समिति द्वारा होगा परिवार इकाई का निर्धारण
प्रस्तावित विस्थापन परियोजना में ग्राम में निवासरत 302 व्यक्ति को समान लाभ सुनिश्चित करने के लिए कलेक्टर सुश्री जैन द्वारा डिप्टी कलेक्टर श्रीमती पूर्वी तिवारी की अध्यक्षता में पात्रता समिति गठित की गई हैं। समिति में वन, राजस्व, पंचायत, जनजाति कार्य विभाग के अतिरिक्त स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी शामिल किये गये हैं। समिति ग्राम के निवासियों का 18 वर्ष से अधिक आयु के आधार पर परिवार इकाई का निर्धारण करेंगे। विस्थापित परिवारों के पास भूमि-आवास अथवा आर्थिक लाभ का रहेगा विकल्प प्रस्तावित विस्थापन परियोजना में विस्थापित परिवारों को उनकी सहमति के आधार पर भूमि अथवा आर्थिक लाभ लेने का विकल्प रहेगा। परिवार इकाई द्वारा भूमि का विकल्प चयन करने पर कुल इकाई के अनुपात में पंचायत एवं सिंचाई विभाग द्वारा विकसित कृषि भूमि उपलब्ध कराई जाएगी। वही प्रति परिवार इकाई के लिए कम से कम 3.75 लाख रुपये भवन निर्माण के दिये जायेंगे। जिसे रहवासी क्षेत्र में बिजली, पानी, सड़क, स्कूल, आंगनवाडी, स्वास्थ्य केंद्र जैसी मूलभूत अधोसंरचना निर्माण के उपरांत शेष राशि के अनुपात में बढ़ाया जा सकेगा। इसी तरह जो परिवार इकाई आर्थिक लाभ का विकल्प चुनेगा उन्हें 15-15 लाख रुपये की राशि दी जायेगी।
कलेक्टर ने अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश
ग्रामीणों सं चर्चा के उपरांत कलेक्टर सुश्री संस्कृति जैन ने पंचायत, जल संसाधन विभाग, विद्युत विभाग, ग्रामीण यांत्रिकी, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग सहित अन्य संबंधित अधिकारियों को प्रस्तावित नवीन कर्माझिरी ग्राम को सर्व सुविधायुक्त आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करने के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश दिए थे । उन्होंने विस्थापित परिवारों के लिए सर्व सुविधायुक्त रहवास के साथ-साथ उन्नत कृषि व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए सभी व्यवस्थाओं की उपलब्धता प्रस्तावित प्लान में शामिल करने के निर्देश दिए।




