तांत्रिक ने कहा था फांसी वाली रस्सी लाओ, सबको धनवान बना दूंगा, धनवान तो बने नहीं, दोस्त की हत्या के जुर्म में पहुँच गये जेल
अंधविश्वास :- तांत्रिक की बातों में आकर कर दी दोस्त की हत्या
मंडला यशो:- धनवान बनने के शर्टकट तरीको ने अपराध की दुनिया को विस्तार देने में निरंतर विस्तार दिया है । कोई चालकी से तो कोई अधिकारों का दुरूपयोग कर तो कोई अंधविश्वास के चलते अपराध की दुनिया में फंस कर अपने जीवन को नर्क बना रहा है । अंधविश्वास से जुड़ा मंडला जिले का एक ऐसा ही मामला सामने आया है । जिसमें धनवान बनने की चाहत में चार व्यक्तियों ने अपने ही साथी को मार डाला और अब अपराधी की जिंदगी बिताने के लिये जेल पहुँच गये है । इनके अंधविश्वास यह तो अमीर हुये नहीं एक परिवार का चिराग बुझा दिया और अपने स्वयं के परिवार को परेशानी में डाल गये ।
धनवान बनने के शर्टकट में दोस्त को लटका दिया फांसी पर
प्राप्त जानकारी के अनुसार एक स्वाघोषित तांत्रिक ने कहा कि फांसी के फंदे से दम घुटकर मरे हुये व्यक्ति की रस्सी लेकर आओ मैं सभी को अमीर बना दूंगा । तांत्रिक की इसी बात में आकर महाराज पुर मंडला के तीन व्यक्तियों ने मिलकर अपने एक साथी को जमकर शराब पिलाई और उसे मार डाला तथा लाश एक नदी में फेंक दी ।
महाराजपुर पुलिस ने बताया कि पिछले दिनों महाराजपुर थाना इलाके में नेवरगांव बंजर नदी में एक युवक की लाश मिली थी। मृतक की पहचान उसकी पत्नी और मां ने की थी। मृतक की गुमशुदगी भी परिजन ने 15 जून को महाराजपुर थाना में दर्ज कराई थी। युवक 12 जून को रात आठ बजे घर से निकला था। लेकिन फिर वापस नहीं लौटा। मृतक के सिर पर घाव था जिससे आशंका थी कि उसकी हत्या की गई है।
पुलिस ने इस मामले की जाँच प्रारंभ की तो मृतक परिजनों से पूंछा कि मृ़तक राहुल अंतिम समय घर से निकलते समय क्या कहकर निकला था तो परिजनों ने बताया कि वह दादी नामक व्यक्ति के यहां जा रहा है । पुलिस ने दादी जिसका वास्तविक नाम सुखचेन है पुलिस को हत्या में शामिल होने का संदेह था। पुलिस ने सुखचेन को पकड़कर सख्ती से पूछताछ की तो उसने जुर्म कबूल लिया और पुलिस को बताया कि उसे एक तांत्रिक ने कहा था कि किसी व्यक्ति को फांसी पर लटकाने के बाद उस रस्सी की तंत्र साधना करने से पैसों की बारिश होती है। इसलिए उसने अपने तीन अन्य साथियों के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया था।
पुलिस की पूछताछ में आरोपी सुखचेन ने बताया कि उसने अपने तीन साथियो के साथ योजना पर काम शुरू किया और राहुल को शराब पिलाने के लिए बुलाया। जब वो शराब के नशे में मदहोश हो गया तब उसे फांसी के फंदे पर लटका दिया। लेकिन शक था कि उसकी मौत नहीं हुई है तो उसके सिर पर वार किये और लाश को बोरी में भरकर पत्थर से बांध कर नदी में फेंक दिया । इसके बाद फांसी वाली रस्सी की तंत्र साधना की थी। पुलिस ने आरोपी सुखेचन के साथ ही वारदात में शामिल तीनों अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया है जिनमें से एक तांत्रिक है।




