मध्यप्रदेशसिवनी
Trending

वन विभाग में ‘एसडीओ सिंड्रोम’ - योगेश पटेल पर लूट, आतंक और अवैध कटाई के संगीन आरोप

कर्मचारियों का आरोप - गाली-गलौज, धमकी, ठेकेदारों से साठगांठ और मौत तक पहुँची प्रताड़ना

Seoni 04 August 2025

सिवनी यशो: सिवनी दक्षिण वन मंडल में भ्रष्टाचार और दादागिरी का खेल खुलेआम खेला जा रहा है। विभाग के संयुक्त वन मंडल अधिकारी/उप वन मंडल अधिकारी (सामान्य) योगेश पटेल पर कर्मचारियों ने ऐसे संगीन आरोप लगाए हैं, जो पूरे तंत्र को हिला सकते हैं।

एपीसीसीएफ और मुख्य वन संरक्षक सिवनी को सौंपे गए लिखित शिकायती पत्र में कर्मचारियों ने कहा है कि पटेल का व्यवहार अपमानजनक, भाषा असंयमित और काम करने का तरीका भय और दबाव से भरा हुआ है।

“हरामखोर… निलंबित कर दूँगा” – रोज़ाना की गाली

कर्मचारियों के अनुसार, योगेश पटेल दफ्तर को गाली-गलौज का अखाड़ा बना चुके हैं। “तू, तेरा, तूने, हरामखोर साले” जैसी गालियाँ रोज़ाना सुननी पड़ती हैं।

यह भी पढ़े :- उप वनमंडल अधिकारी योगेश पटेल पर वनकर्मियों ने लगाये गंभीर और संगीन आरोप, एपीसीसीएफ से जाँच की मांग

छोटी-सी बात पर निलंबन की धमकी मिलती है और महिला कर्मचारियों तक के साथ अनुचित व अपमानजनक व्यवहार किया जाता है।

अवैध वसूली का ‘40% फॉर्मूला’

शिकायत में खुलासा हुआ कि एसडीओ पटेल द्वारा स्वीकृत राशि में से केवल 40% काम करवाया जाता है और बाकी रकम मजदूरों से वसूल कर उनके पास जमा कराने का दबाव बनाया जाता है।

यह रकम, कथित तौर पर “वरिष्ठ अधिकारियों और भोपाल तक” पहुँचाने का दावा किया जाता है।

यह भी पढ़े : – वन, वन्य प्राणी एवं पर्यावरण संरक्षण में उत्तर दायित्व एवं चुनौतियों से परिचित हुये छात्र

लकड़ी माफिया से गठजोड़ — चार गुना फर्जी सूची

आम के पेड़ काटने वाले ठेकेदारों से मोटी रकम लेकर चार गुना अधिक लकड़ी की सूची बनाने का आदेश दिया जाता है।

इसकी आड़ में साजा, सागौन और अर्जुन जैसे कीमती वृक्षों की अंधाधुंध अवैध कटाई की जाती है, जिससे वन संपदा को भारी नुकसान हो रहा है।

प्रताड़ना ने ली जान

जोगीवाड़ा बीट के वन रक्षक अजय जैन लगातार प्रताड़ना से टूट गए।
17 मार्च 2025 को बीमार पड़े और 26 मार्च को उनका निधन हो गया।
कर्मचारियों का कहना है कि यह मौत विभागीय दबाव और मानसिक शोषण का सीधा नतीजा है।

शराब-मांस की खातिरदारी का दबाव

आरोप है कि एसडीओ अपने 4-6 दोस्तों को बीट मुख्यालय लाकर महंगी शराब और मांस से मेहमाननवाजी करने का आदेश देते हैं, मना करने पर निलंबन की धमकी दी जाती है।

कर्मचारियों की मांग

  • अपमानजनक भाषा और धमकी का तुरंत अंत हो।

  • छुट्टी के अधिकार में हस्तक्षेप बंद हो।

  • महिला कर्मचारियों की गरिमा का सम्मान हो।

  • अवैध वसूली और अवैध कटाई पर उच्चस्तरीय जांच हो और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो।

कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि अगर इस तरह की घटनाएं दोहराई गईं, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

एस डी ओ पटेल अपने वन मंडल अधिकारी को भी अंधेरे में रखते है और उन्हें गुमराह करते है ।

ऐसा ही एक मामला सिवनी वन परिक्षेत्र कार्यालय का है जहां श्री पटेल के मौखिक निर्देश पर बिना विभागीय अनुमति के निर्माण कार्य एक अधिनस्थ कर्मचारी की पत्नि के कहने पर निर्मित कराया गया है, जिसकी सूचना भी वन मंडल कार्यालय में उपलब्ध नहीं है ।

इस बात की पुष्टि वन मंडल अधिकारी तथा वन परिक्षेत्र अधिकारी द्वारा की गयी है ।

विभागीय कर्मचारियों द्वारा उप वनमंडल अधिकारी योगेश पटेल की अनेक हस्ताक्षारित शिकायत की गयी । जिसकी कापी संलग्र है ।

[pdf-embedder url=”https://dainikyashonnati.com/wp-content/uploads/2025/08/complaint.pdf” title=”complaint….”]

Dainikyashonnati

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!