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फर्जीवाड़े के मुख्य आरोपी सचिन दहायत पर एक और मामला दर्ज

सिवनी यशो:- सिवनी जिले की केवलारी तहसील कार्यालय में ग्रेड 3 नायब नजीर सचिन दहायत करोड़ों के गबन मामले में फंसे मुख्य आरोपी है । इस मामले के अतिरिक्त सचिन दहायत पर केवलारी थाने में एक और फर्जीवाड़े का मामला केवलारी तहसीलदार की सूचना पर दर्ज किया गया है ।
प्राप्त जानकारी के अनुसार सचिन दहायत ने अपने कार्यकाल में तहसील क्षेत्र कें कोटवारों के मासिक वेतन का फर्जी बैंकर बनाकर तीन लाख 28 हजार रूपये का फर्जीवाड़ा किया है । इस बात की सूचन केवलारी थाने को केवलारी तहसील में पदस्थ तहसीलदार नितिन पटेल ने दी जिस पर केवलारी पुलिस ने भारतीय दंडसंहिता की धारा 408, 409, 420,467,468 एवं 471 के तहत मामला दर्ज कर लिया है ।
यहां बतादें कि पिछले वर्ष केवलारी तहसील में आरबीसी 6(4) में प्राकृतिक आपदा से मृत्यु के मामले में लगभग 11 करोड़ 16 लाख रुपए का गबन का मामला सामने आया था और यह राशि 38 लोगों के 40 बैंक खाते में डालना पाया गया था । पूरा मामला आडिट के दौरान सामने आया था ।
इस मामले में केवलारी पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 408, 409, 420, 467, 468, 471 भादवि के तहत मामला दर्ज किया है और इस मामले में सचिन दहायत मुख्य आरोपी है । आरोपी फर्जीवाड़ा खुलने के डर से 18 अक्टूबर 2022 को उस समय गायब हो गया था जब ग्वालियर से आडिट दल जिले समस्त तहसीलों का आडिट करने सिवनी कलेक्ट्रेड पहुँची थी । उस समय के तत्कालीन तहसीलदार प्रहलाद लालवानी ने तब भी उसके खिलाफ किसी प्रकार की एफआईआर दर्ज नहीं कराई। सूत्र बताते है कि 18 अक्टूबर 2022 को कलेक्ट्रेट में ग्वालियर का ऑडिट दल आया था। जिसके लिए सभी तहसीलों को नायब नजीरों को जानकारी सहित उपस्थित होने के निर्देश दिए थे। केवलारी में उस समय पदस्थ तहसीलदार प्रहलाद लालवानी ने भी सचिन दहायत को 16 अक्टूबर 2022 को निर्देश दिए थे कि 18 अक्टूबर को ऑडिट दल के समक्ष सभी दस्तावेज लेकर उपस्थित हो।
18 अक्टूबर को सचिन दहायत सिवनी नहीं पहुंचा और उसके बाद उसके बाद से वह फरार हो गया था जिसे पुलिस ने बाद में गिरफ्तार कर लिया था । तहसीलदार के पास कलेक्ट्रेट सिवनी के वित्त शाखा से फोन आया। उन्होंने कहा कि अभी तक केवलारी तहसील के नायब नजीर नहीं पहुंचे। उसके बाद तहसीलदार को पता चला कि सचिन दहायत आडिट दल के सामने नहीं गया।
इस मामले के अन्य तीन आरोपी अभी फरार बताये जा रहे है । पुलिस ने कोटवारो के वेतन की राशि गबन मामले को दर्ज कर लिये है ।

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