समान नागरिक संहिता पर अधिकतम नागरिकों से सुझाव आमंत्रित किए जाएं : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से की विभिन्न योजनाओं और अभियानों की समीक्षा
समान नागरिक संहिता सुझाव – जनकल्याण शिविर, जल गंगा अभियान, योग दिवस, नीट परीक्षा और मानसून तैयारियों को लेकर दिए महत्वपूर्ण निर्देश
Seoni 13 June 2026
सिवनी यशो:- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों के साथ विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा बैठक की। बैठक में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के लिए जनसुझाव प्राप्त करने, जनकल्याण शिविरों के संचालन, जल गंगा संवर्धन अभियान, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों, नीट परीक्षा के आयोजन, आगामी मानसून की तैयारियों तथा ज्ञानभारतम् अभियान की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
यूसीसी पर गांव-गांव तक पहुंचे संवाद कार्यक्रम
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समान नागरिक संहिता के प्रारूप के संबंध में अधिकतम नागरिकों के सुझाव प्राप्त करने के निर्देश देते हुए कहा कि इस प्रक्रिया में समाज के प्रत्येक वर्ग की सहभागिता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने ग्राम पंचायतों एवं नगरीय निकायों के वार्ड स्तर तक पहुंचकर विशेष सभाओं एवं संवाद कार्यक्रमों के आयोजन के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि सामाजिक, धार्मिक, शैक्षणिक, महिला, युवा एवं अन्य वर्गों के प्रतिनिधियों से सुझाव प्राप्त कर उन्हें व्यवस्थित रूप से संकलित किया जाए, ताकि व्यापक जनभागीदारी के आधार पर प्रभावी प्रारूप तैयार किया जा सके।
जनकल्याण शिविरों में त्वरित निराकरण के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 12 से 18 जून तक आयोजित किए जा रहे जनकल्याण शिविरों की समीक्षा करते हुए कहा कि शिविरों का उद्देश्य पात्र हितग्राहियों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिविरों में प्राप्त आवेदनों का त्वरित निराकरण किया जाए तथा पात्र हितग्राहियों को समयबद्ध रूप से लाभान्वित किया जाए।
उन्होंने कहा कि शिविरों के माध्यम से आमजन की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के साथ सुनिश्चित किया जाए और कोई भी पात्र हितग्राही योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
जल संरक्षण कार्यों में बढ़े जनभागीदारी
मुख्यमंत्री ने जल गंगा संवर्धन अभियान की समीक्षा करते हुए तालाबों, कुओं, बावड़ियों तथा अन्य पारंपरिक जल स्रोतों के संरक्षण एवं पुनर्जीवन कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण के कार्यों में जनभागीदारी बढ़ाई जाए तथा अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप दिया जाए।
योग दिवस को गरिमामय बनाने के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 21 जून को आयोजित होने वाले अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रमों को व्यापक एवं गरिमामय स्वरूप देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक नागरिकों, विद्यार्थियों, युवाओं एवं सामाजिक संगठनों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए तथा योग के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं।
नीट परीक्षा में परीक्षार्थियों को न हो असुविधा
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में आयोजित होने वाली नीट परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा करते हुए परीक्षा केंद्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परीक्षार्थियों के लिए पेयजल, छायादार प्रतीक्षा स्थल, सुरक्षा, यातायात प्रबंधन सहित अन्य सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की जाए।
उन्होंने संबंधित विभागों को परीक्षा के शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित संचालन के लिए समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश भी दिए।
मानसून और आपदा प्रबंधन पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आगामी मानसून को दृष्टिगत रखते हुए संभावित जलभराव, बाढ़ एवं अन्य आपदा संबंधी परिस्थितियों से निपटने के लिए जिला स्तर पर पर्याप्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने राहत एवं बचाव कार्यों के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता तथा संवेदनशील क्षेत्रों की नियमित समीक्षा करने को कहा।
ज्ञानभारतम् अभियान की भी हुई समीक्षा
मुख्यमंत्री ने ज्ञानभारतम् अभियान के अंतर्गत प्राचीन पांडुलिपियों के डिजिटाइजेशन की जिलेवार प्रगति की समीक्षा करते हुए नागरिकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं बौद्धिक धरोहर के संरक्षण के लिए अधिक से अधिक प्राचीन पांडुलिपियों की पहचान कर उनका डिजिटाइजेशन कराया जाए।
उन्होंने इस कार्य में शिक्षण संस्थानों, शोधकर्ताओं एवं सामाजिक संगठनों का सहयोग लेने पर भी बल दिया।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना, अपर कलेक्टर सुश्री सुनीता खंडायत सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।



