उगली में शिक्षक दंपति की रहस्यमयी मौत: कमरे में राख बने मिले दो शव, हत्या या हादसा?
फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने किया पोस्टमार्टम, डीएनए जांच से होगी पहचान की पुष्टि; पुलिस हर एंगल से कर रही जांच
उगली में शिक्षक दंपति मौत, जले मिले दो शव, डीएनए जांच से खुलेगा राज
उगली/सिवनी यशो :- सिवनी जिले के उगली थाना क्षेत्र के मोहबर्रा ग्राम के समीप खेत पर बने एक मकान में शिक्षक दंपति के संदिग्ध परिस्थितियों में जले हुए शव मिलने से पूरे जिले में सनसनी फैल गई है। शुक्रवार दोपहर सामने आए इस मामले में शनिवार शाम सिवनी मेडिकल कॉलेज के फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम किया। पुलिस का कहना है कि मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट, डीएनए परीक्षण और फॉरेंसिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृतकों की पहचान शिक्षक समन सिंह धुर्वे (54) और उनकी पत्नी शिक्षिका मालती धुर्वे (50) के रूप में की जा रही है। समन सिंह धुर्वे दामीझोला (मोहबर्रा) स्थित शासकीय विद्यालय में पदस्थ थे, जबकि मालती धुर्वे केवलारी विकासखंड के ग्राम कुम्हड़ा के शासकीय विद्यालय में शिक्षिका थीं।
दो दिन से स्कूल नहीं पहुंचे, बहन पहुंची तो सामने आया दर्दनाक मंजर
जानकारी के अनुसार समन सिंह धुर्वे बुधवार तक सामान्य रूप से लोगों के संपर्क में थे और उसी रात उनकी एक परिचित से बातचीत भी हुई थी। गुरुवार को उन्हें एक शासकीय बैठक में शामिल होना था, लेकिन वे नहीं पहुंचे। सहकर्मियों ने कई बार मोबाइल पर संपर्क किया। बताया जा रहा है कि गुरुवार दोपहर करीब 12:30 बजे तक मोबाइल पर घंटी जा रही थी, लेकिन किसी ने फोन रिसीव नहीं किया।
उधर, मालती धुर्वे भी विद्यालय नहीं पहुंचीं। उनके विद्यालय से शुक्रवार को उनकी बड़ी बहन कृष्णा को सूचना दी गई। इसके बाद वह खेत पर बने मकान पहुंचीं। मुख्य गेट बंद था, लेकिन उसमें ताला नहीं लगा था। अंदर का दरवाजा भी केवल टिका हुआ था। जैसे ही उन्होंने दरवाजा खोला, कमरे में दो बुरी तरह जले हुए शव पड़े देख उनके होश उड़ गए। उन्होंने तत्काल उगली पुलिस को सूचना दी।
राख और हड्डियों में तब्दील थे शव, कमरे में जले मिले मोबाइल
पुलिस जब मौके पर पहुंची तो दोनों शव पूरी तरह जलकर लगभग राख और हड्डियों में तब्दील हो चुके थे। कमरे में रखा पलंग, कूलर और अन्य घरेलू सामान भी आग में जल चुका था तथा पूरा कमरा कालिख से काला पड़ गया था।
घटनास्थल से दोनों मोबाइल फोन भी जली हुई अवस्था में मिले। वहीं कमरे के भीतर खून जैसे निशान दिखाई देने की भी चर्चा है। हालांकि पुलिस ने इनकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और वैज्ञानिक जांच पूरी होने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से इनकार किया है।
फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने किया पोस्टमार्टम
शनिवार शाम सिवनी मेडिकल कॉलेज में दोनों शवों का पोस्टमार्टम दो फॉरेंसिक विशेषज्ञ डॉ. एस.एन. हुसैनी और डॉ. मृत्युंजय सिंह तोमर ने किया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने आवश्यक नमूने लेकर उन्हें जांच के लिए सुरक्षित किया है।
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट हो सकेगा कि मौत आग से हुई या फिर आग लगाने से पहले किसी अन्य कारण से दोनों की मृत्यु हुई थी।
डीएनए जांच से होगी पहचान की अंतिम पुष्टि
शव पूरी तरह जल जाने के कारण पुलिस ने डीएनए परीक्षण कराने का निर्णय लिया है। इसके लिए नमूने जबलपुर स्थित फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) भेजे जाएंगे। दंपति के बेटे और बेटी के डीएनए नमूनों से मिलान कर शवों की वैज्ञानिक पहचान सुनिश्चित की जाएगी।
दंपति का एक बेटा इंदौर में पढ़ाई कर रहा है, जबकि बेटी कान्हीवाड़ा स्थित नवोदय विद्यालय में अध्ययनरत है।
एसपी, एफएसएल और फिंगरप्रिंट टीम ने जुटाए साक्ष्य
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, एसडीओपी केवलारी, फिंगरप्रिंट विशेषज्ञ तथा फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। मौके से फिंगरप्रिंट सहित कई महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए गए हैं।
शनिवार सुबह फॉरेंसिक टीम ने दोबारा घटनास्थल का निरीक्षण कर आग लगने के कारणों और घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने का प्रयास किया।
हत्या, आत्महत्या या हादसा? हर पहलू पर जांच
मामले में कई सवाल अब भी अनसुलझे हैं। क्या शिक्षक दंपति आग लगने की दुर्घटना का शिकार हुए, क्या उन्होंने आत्महत्या की, या फिर उनकी हत्या कर शवों को आग के हवाले किया गया? पुलिस फिलहाल किसी भी संभावना से इनकार नहीं कर रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार हत्या की आशंका भी जांच के दायरे में है। हालांकि उगली थाना प्रभारी डी.एस. शरणागत का कहना है कि पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट, डीएनए जांच तथा फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा।
फिलहाल पूरे उगली क्षेत्र में यह रहस्यमयी घटना चर्चा का विषय बनी हुई है और हर किसी की निगाह अब जांच रिपोर्ट पर टिकी है।



