सिंहस्थ-2028 होगा अब तक का सबसे भव्य आयोजन, 40 करोड़ श्रद्धालुओं के स्वागत की तैयारी: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
'सिंहस्थ 2016 का अनुभव, सिंहस्थ 2028 का संकल्प' कार्यशाला में बोले मुख्यमंत्री; 22 नए पुल, बेहतर अधोसंरचना और आधुनिक सुविधाओं के साथ होगा आयोजन
सिंहस्थ 2028 होगा भव्य, 40 करोड़ श्रद्धालुओं के स्वागत की तैयारी: सीएम मोहन यादव
Bhopal 27 June 2026
भोपाल / उज्जैन यशो:- मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सिंहस्थ-2028 को अब तक का सबसे भव्य, सुव्यवस्थित और सुविधाजनक आयोजन बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस बार करीब 40 करोड़ श्रद्धालुओं के उज्जैन पहुंचने का अनुमान है, जिनमें लगभग 4 करोड़ श्रद्धालु अमृत स्नान करेंगे।

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए क्षिप्रा नदी पर 22 नए पुलों सहित व्यापक अधोसंरचना विकास कार्य किए जा रहे हैं।
यह भी पढ़े :- बैतूल के कुकरू में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की रात्रि चौपाल, ग्रामीणों से करेंगे सीधा संवाद
मुख्यमंत्री शुक्रवार को उज्जैन में आयोजित ‘सिंहस्थ 2016 का अनुभव, सिंहस्थ 2028 का संकल्प’ कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन से हुआ।
कार्यशाला में पूर्व कुंभ मेलों से जुड़े अधिकारियों एवं अनुभवी व्यक्तियों ने अपने अनुभव साझा किए, वहीं सिंहस्थ-2028 की तैयारियों पर आधारित एक लघु फिल्म का भी प्रदर्शन किया गया।

“महाकाल की नगरी से जुड़ना जीवन का सौभाग्य”
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि उज्जैन केवल एक शहर नहीं, बल्कि आस्था, संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना का केंद्र है।
यह भी पढ़े :- लोकतंत्र के मूल्यों को समर्पित प्रेरणादायी क्षण: लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान राष्ट्र का सम्मान — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
उन्होंने कहा कि महाकाल की नगरी से जुड़ना जीवन का सौभाग्य है और सरकार का लक्ष्य ऐसा सिंहस्थ आयोजित करना है, जो श्रद्धालुओं के लिए यादगार अनुभव बने।
मुख्यमंत्री ने साझा किया अपना रोचक अनुभव
मुख्यमंत्री ने अपने छात्र जीवन का एक दिलचस्प प्रसंग सुनाते हुए बताया कि 1980 के दशक में वे स्काउट-गाइड के सदस्य के रूप में सिंहस्थ में सेवा कर चुके हैं।
वर्ष 1992 के सिंहस्थ के दौरान समिति में कार्य करते समय एक बुजुर्ग कर्मचारी ने उन्हें पहचानने से इनकार कर कार्यालय में प्रवेश नहीं करने दिया।
यह भी पढ़े :-हल्की बारिश में घंटों गुल रहती है बिजली? कान्हीवाड़ा के उपयंत्री पर क्षेत्रवासियों ने लगाए मनमानी के आरोप
बाद में स्थिति स्पष्ट होने पर उन्हें अंदर जाने दिया गया। उन्होंने कहा कि ऐसे अनुभव ही बड़े आयोजनों को बेहतर बनाने में मदद करते हैं।
हर चुनौती का समाधान, श्रद्धालुओं को मिलेगी बेहतर सुविधा
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले सिंहस्थों से मिले अनुभवों के आधार पर इस बार सड़कें चौड़ी की जा रही हैं, घाटों का विस्तार किया गया है,
क्षिप्रा नदी के किनारे स्थायी व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं और श्रद्धालुओं के ठहरने की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
यह भी पढ़े :-हनुमान चौक जल निकासी कार्य युद्धस्तर पर जारी, 2.50 करोड़ की परियोजना से मिलेगा स्थायी समाधान: भारती ठाकुर
रेलवे, सड़क और अन्य परिवहन सुविधाओं को भी सुदृढ़ किया जा रहा है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
उन्होंने कहा कि सिंहस्थ के सफल आयोजन के लिए पड़ोसी राज्यों के साथ भी समन्वय स्थापित किया जाएगा, जिससे यातायात, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन बेहतर ढंग से किया जा सके।



