पुत्रियों ने निभाया बेटे का फर्ज – स्व. शकुंतला तुमराम की तेरहवीं में वृद्धाश्रम पहुंचे परिजन बुजुर्गों को वस्त्र व भोजन भेंट कर लिया आशीर्वाद
Seoni 14 June 2025
सिवनी यशो :- बुजुर्गों को दिया गया सम्मान, ईश्वर को अर्पित सेवा के समान होता है।” इसी भावना के साथ वन विभाग से सेवा निवृत्त स्व. श्रीमती शकुंतला पति रमलू तुमराम की तेरहवीं पर उनका पूरा परिवार सिवनी के वृद्धाश्रम पहुंचा और वहां मौजूद वृद्धजनों को भोजन एवं वस्त्र भेंट कर पुण्य कार्य में सहभागिता निभाई।
तेरहवीं के अवसर पर परिजनों ने सभी वृद्ध महिलाओं को साडिय़ां और पुरुषों को गमछे वितरित किए। साथ ही स्वादिष्ट व्यंजनों से युक्त भोज का आयोजन कर माता की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्गों ने भी भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए परिजनों को आशीर्वाद दिया।
पुत्रियों ने निभाया बेटे का फर्ज
स्व. शकुंतला तुमराम के कोई पुत्र नहीं थे, लेकिन उनकी पांचों पुत्रियों ने पुत्रवत् कर्तव्य निभाकर समाज के सामने एक मिसाल पेश की।
उनकी पुत्रियां –
स्व. शकुंतला तुमराम के कोई पुत्र नहीं थे, लेकिन उनकी पांचों पुत्रियों ने पुत्रवत् कर्तव्य निभाकर समाज के सामने एक मिसाल पेश की।
उनकी पुत्रियां –
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श्रीमती अभिलाषा – कैलाश ठाकुर
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श्रीमती ज्योत्सना – विजेंद्र रजक
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श्रीमती पूनम – नितिन कुमरे
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श्रीमती वैशाली – दुष्यंत साहू
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श्रीमती ऊर्जा – हर्ष वर्मा
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ने 30 मई को अपनी माता की अंतिम यात्रा में कंधा दिया और मोक्षधाम में सभी अंतिम संस्कार की रस्में बड़े दामाद कैलाश ठाकुर के साथ पूर्ण कीं।
राखी भाइयों की रही उपस्थिति
इस अवसर पर उनके राखी भाई श्रीमती फरजाना-शमीम खान, बबलू कुमरे, रज्जू भाई, विहान कुमरे, विराज रजक, ईवा साहू सहित अनेक परिजन भी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर माता जी की स्मृति में वृद्धजनों की सेवा कर उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित की।



