भाजपा सरकार में ‘राजा बोले–आमा फूले’ की कहावत चरितार्थ: ओकटे
इंदौर जहरीला पानी कांड व मनरेगा बदलाव के विरोध में छिंदवाड़ा में कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन
Chhindwara 17 January 2026
गांधी चौक पर सामूहिक उपवास, रामधुन के साथ विरोध
छिंदवाड़ा जिला मुख्यालय स्थित गांधी चौक (फव्वारा चौक) पर शहर कांग्रेस कमेटी द्वारा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार निर्धारित समय पर सामूहिक उपवास एवं धरना प्रारंभ किया गया। रामधुन के साथ कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार की जनविरोधी नीतियों का विरोध करते हुए शुद्ध पेयजल और रोजगार के अधिकार की मांग की।
शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष पप्पू यादव ने कहा कि “प्रदेश सरकार जनता को शुद्ध पानी तक उपलब्ध नहीं करा पा रही है, जबकि विकास के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं। इंदौर में जहरीले पानी से हुई मौतें सरकार की असफलता का सबसे बड़ा उदाहरण हैं।”
धरना प्रदर्शन में शहर के पूर्व, पश्चिम, उत्तर, दक्षिण एवं मध्य उप ब्लॉक के अध्यक्ष, प्रभारी, पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
‘राजा बोले–आमा फूले’ की कहावत चरितार्थ: ओकटे
जिले के चौरई विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत आदिवासी अंचल बिछुआ में आयोजित उपवास एवं धरना कार्यक्रम में जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष विश्वनाथ ओकटे ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा शासन में “राजा बोले–आमा फूले” वाली कहावत पूरी तरह से चरितार्थ हो रही है।

ओकटे ने आरोप लगाया कि मनरेगा योजना में किए गए बदलाव से रोजगार की कानूनी गारंटी समाप्त हो गई है और सरकार ने बिना किसी ठोस आंकलन के यह निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार पर अब लगभग 40 प्रतिशत अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा, जबकि पहले से ही सरकार कर्ज में डूबी हुई है।
विजनहीन सरकार, सिर्फ नाम बदलने की राजनीति
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा के पास कोई स्पष्ट विजन नहीं है। यह सरकार जमीनी मुद्दों पर काम करने के बजाय टेलीविजन पर टिके रहकर केवल नाम बदलने की राजनीति कर रही है।
उन्होंने कहा कि जनता शुद्ध पेयजल के अभाव में दम तोड़ रही है, लेकिन सरकार पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ रहा।
यह भी पढ़े :-<खैरात की राजनीति में कैद युवा भविष्य, बन गया है दया का पात्र/p>
कांग्रेस की दो टूक मांग
जिलेभर से कांग्रेस ने एक स्वर में मांग की कि—
-
आम जनता को तत्काल शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाए
-
मनरेगा में किए गए बदलाव को तुरंत वापस लिया जाए
कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन राजनीति के लिए नहीं, बल्कि जनता के स्वास्थ्य और गरीब व जरूरतमंद वर्ग के रोजगार अधिकार की रक्षा के लिए है। मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।



