किन्दरई परमाणु परियोजना का ग्रामीणों ने विरोध किया, कहा हम बर्बाद हो जायेंगे
Seoni 23 December 2024
सिवनी यशो:-चुटका परमाणु परियोजना (Chutka Nuclear Project) अभी शुरू भी नहीं हुआ है कि चुटका से लगभग 5 किलोमीटर की दूरी पर नर्मदा के दूसरे तट पर बसा किन्दरई गांव में परमाणु परियोजना (nuclear project) प्रस्तावित हो गया है। इस परियोजना के खिलाफ किन्दरई में बैठक आयोजित की गयी। इस बैठक में पौडी,चरगांव,केदारपुर, धूमामाल, पुटरई,पीपरटोला, छिंदवाहा, बखारी, जामनपानी, किन्दरई,चौरई, बरेली, राजगढ़, धर्मुकोल, पिपरिया, कारीथून, गोकला, रोटो, दलका, कुरोठार, चिनगा, अंडिया,कुसुमी, सुदामपुर, गढी, फुलेरा आदि गांव के महिला- पुरुष शामिल थे।
उपस्थित लोगों ने बताया कि घंसौर क्षेत्र का नर्मदा पट्टी पूर्व में बरगी बांध से विस्थापित एवं प्रभावित हो चुका है। विस्थापन के कारण लोगों की आर्थिक स्थिति बेहद खराब है और रोजगार के लिए बाहर पलायन करने को मजबूर हैं। इस बरगी परियोजना से सिवनी जिले के घंसौर क्षेत्र को कोई लाभ नहीं मिला है। केदारपुर और गोरखपुर क्षेत्र के किसानों द्वारा बरगी जलाशय से सिंचाई के लिए पानी की मांग किया जाता रहा है, परन्तु इन मांगों पर आजतक विचार नहीं किया गया है। जबकि झाबुआ पावर प्लांट को बरगी से पानी दिया जा रहा है और पावर प्लांट का राखङ आसपास के किसानों का खेत खराब कर रहा है। प्रस्तावित चुटका परमाणु परियोजना के कारण घंसौर का बड़ा क्षेत्र विकिरण से प्रभावित होने वाला है। अब किन्दरई परमाणु परियोजना प्रस्तावित होने से क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी गंभीर खतरा पैदा हो जाएगा। इस क्षेत्र के लोगों का मुख्य धंधा खेती किसानी है।अगर परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहण किया जाएगा तो आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र के लोग बर्बाद हो जाएंगे।
घंसौर पांचवीं अनुसूची में वर्गीकृत है जहां पेसा कानून और नियम लागू है, परन्तु ग्राम सभा को अभी तक किसी भी तरह की जानकारी नहीं देना संवैधानिक प्रावधानों का उल्घंन है।
आगामी 26 जनवरी को किन्दरई परमाणु परियोजना के खिलाफ गांव- गांव से प्रस्ताव पारित किया जाएगा।उपस्थित जनसमुदाय ने निर्णय लिया है कि विकास के नाम पर विनाश मंजूर नही करेंगे और परियोजना को निरस्त करवाने के लिए एसडीएम घंसौर और कलेक्टर सिवनी को जल्द ही ज्ञापन दिया दिया जाएगा।अगर निरस्त की कार्यवाही नहीं की जाती है तो आने वाले समय में उग्र आंदोलन किया जाएगा।
डी. पी. गिरियाम को संघर्ष का नेतृत्व करने के लिए सभी लोगों ने अध्यक्ष नियुक्त किया। बैठक में जनपद सदस्य संगीता नंदलाल भलावी, जनपद सदस्य दिलीप भगदिया, किन्दरई सरपंच संगीता हीरालाल करयाम, उप सरपंच किन्दरई देवेंद्र नागेश, धुमा सरपंच असुन्ता राजेश मरावी, सरपंच केदारपुर सविता रामफल, पुटरई सरपंच बसोरी बलारी, पोंडी सरपंच खेमलाल सरयाम, चरगांव सरपंच तीरथ सैयाम, पेसा एक्ट अध्यक्ष विपत लाल भगदीया की विशेष उपस्थिति थी।






