नरवाई की आग बनी मौत का कारण: शिक्षक पत्नी की नागपुर में मौत, पति गंभीर, शादी में जाते वक्त हुआ हादसा
आंधी-तूफान में बेकाबू हुई आग ने ली जान - बच्चों को लोगों ने बचाया, दंपति बुरी तरह झुलसे
नरवाई आग हादसा सिवनी – नरवाई की आग से शिक्षिका की मौत
Seoni 01 May 2026
छपारा यशो:- 30 अप्रैल की शाम आई तेज आंधी-तूफान ने जहां जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया, वहीं एक शिक्षक परिवार पर यह आफत बनकर टूटी। नरवाई (फसल अवशेष) में लगी आग की चपेट में आने से एक शिक्षिका की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि उनके पति गंभीर रूप से झुलसकर नागपुर मेडिकल में भर्ती हैं।
शादी समारोह में जाते वक्त हुआ दर्दनाक हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम बर्रा निवासी एवं सांदीपनि विद्यालय छपारा में पदस्थ अतिथि शिक्षक यतेन्द्र नागले अपनी पत्नी जयश्री नागले (38 वर्ष) और दो बच्चों के साथ देवरी माल क्षेत्र में एक शादी समारोह में जा रहे थे।
इसी दौरान रास्ते में खेतों में जलाई गई नरवाई की आग तेज आंधी के कारण फैलकर सड़क तक पहुंच गई।
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आग की चपेट में आया परिवार, बाइक अनियंत्रित
तेज हवाओं के बीच अचानक आग की लपटें सड़क तक आ गईं, जिससे दोपहिया वाहन अनियंत्रित होकर गिर गया।
पत्नी जयश्री नागले आग की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गईं
उन्हें बचाने की कोशिश में पति यतेन्द्र नागले भी गंभीर रूप से झुलस गए
मौके पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
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नागपुर में इलाज के दौरान मौत
घायल दंपति को पहले जिला अस्पताल सिवनी ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत में दोनों को नागपुर मेडिकल रेफर किया गया।
उपचार के दौरान जयश्री नागले ने दम तोड़ दिया
वहीं यतेन्द्र नागले की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है
क्षेत्र में शोक की लहर
इस दर्दनाक घटना से पूरा क्षेत्र स्तब्ध है। शिक्षक समुदाय और सर्व शिक्षा विभाग के लोग पीड़ित परिवार की सहायता के लिए आगे आ रहे हैं।
2 मई को गांव पहुंचेगा शव
मिली जानकारी के अनुसार स्व. जयश्री नागले का शव 2 मई को उनके गांव बर्रा लाया जाएगा।
स्वस्थ होने की प्रार्थना
क्षेत्रवासी यतेन्द्र नागले के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना कर रहे हैं।
यह हादसा एक बार फिर सवाल खड़ा करता है कि खेतों में नरवाई जलाने जैसी लापरवाही कितनी जानलेवा हो सकती है।




