7 साल से अधूरा जलाशय, भड़के किसान: अब उग्र आंदोलन की चेतावनी
ऐरमा जलाशय निर्माण ठप, 250 हेक्टेयर सिंचाई योजना अधर में, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
ऐरमा जलाशय सिवनी 2018 से अधूरा, कलेक्टर को ज्ञापन, उग्र आंदोलन की चेतावनी
Seoni 03 April 2026
सिवनी यशो:- आदिवासी बाहुल्य कुरई विकासखंड के ग्राम पंचायत ऐरमा स्थित लड्या खौली ऐरमा जलाशय सिवनी का निर्माण कार्य पिछले 7 वर्षों से अधूरा पड़ा है, जिससे क्षेत्र के किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। नाराज ग्रामीणों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है।
2018 से अधूरी पड़ी परियोजना, किसानों को नहीं मिला लाभ
ग्रामीणों के अनुसार जलाशय परियोजना की शुरुआत वर्ष 2018 में हुई थी। इसका उद्देश्य करीब 250 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराना, भूजल स्तर में सुधार करना और गर्मी के मौसम में वन्य जीवों के लिए जल की व्यवस्था करना था।
लेकिन वर्षों बीत जाने के बावजूद निर्माण अधूरा है, जिससे किसानों को अपेक्षित लाभ नहीं मिल पाया और खेती पर संकट गहराता जा रहा है।
शिकायतों के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई
ग्रामीणों ने बताया कि वे कई बार जनसुनवाई, 181 सीएम हेल्पलाइन और जल संसाधन विभाग सिवनी में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
मंगलवार को लगभग 50 ग्रामीण कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और अपनी समस्या रखी। कलेक्टर शीतला पटले ने एक सप्ताह के भीतर कार्य शुरू कराने का आश्वासन दिया है।
चेतावनी: अब उग्र आंदोलन होगा
ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि ऐरमा जलाशय सिवनी का शीघ्र निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं हुआ, तो वे उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
इस दौरान जनपद उपाध्यक्ष हरदीप सिंह भाटिया, हरीश वर्मा, फग्गलाल, नरेश चौरसिया, वीरेंद्र वर्मा, प्रेमलाल टेकाम, दिनेश वर्मा, सालकराम वर्मा, संजय उईके, दुरूप लाल भलावी, देवेंद्र वर्मा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
अधिकारी का बयान
जल संसाधन विभाग के कार्यपालन यंत्री व्ही. के. चौधरी ने बताया—
“ऐरमा जलाशय सिवनी का कार्य अधूरा है, क्योंकि ठेकेदार काम छोड़कर भाग गया था। उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है। नया टेंडर तैयार कर स्वीकृति हेतु भेजा गया है, जल्द कार्य शुरू कराया जाएगा।”





