द्वारका शारदापीठ और ज्योतिर्मठ बद्रीकाश्रम के शंकराचार्य स्वामियों द्वारा विधायक दिनेश राय मुनमुन के प्रयासों की सराहना
सिवनी, 27 दिसंबर 2025
सिवनी यशो:– सिवनी विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री दिनेश राय ‘मुनमुन’ को देश की दो प्रमुख शंकराचार्य पीठों से एक साथ प्रशस्ति एवं आशीर्वाद प्राप्त हुआ है।
उत्तराम्नय ज्योतिष्पीठ, ज्योतिर्मठ बद्रीकाश्रम तथा पश्चिमाम्नय द्वारका शारदापीठ के जगद्गुरु शंकराचार्यों ने विधायक मुनमुन के प्रयासों की मुक्तकंठ से सराहना की है।
द्वारका शारदापीठ और ज्योतिर्मठ बद्रीकाश्रम के शंकराचार्य स्वामियों द्वारा विधायक दिनेश राय मुनमुन के प्रयासों की सराहना
पश्चिमाम्नय शारदापीठ, द्वारका के जगद्गुरु स्वामी सदानंद सरस्वती जी ने अपने शुभाशीर्वाद पत्र में कहा कि
सिवनी के छिंदवाड़ा चौराहे पर पूज्य गुरुदेव को समर्पित श्री शंकराचार्य चौक का निर्माण विधायक मुनमुन के अथक प्रयासों का परिणाम है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि—
“विगत वर्षों तक सिवनी में अनेक नेता दिखाई दिए, परंतु जनता द्वारा स्वीकार्य नेतृत्व का अभाव था। आज मुनमुन भाई में जनता को अपना नेता दिखाई दे रहा है।”
स्वामी सदानंद सरस्वती जी ने कहा कि सामाजिक, धार्मिक और राजनीतिक—तीनों क्षेत्रों की आवश्यकताओं का संतुलन साधते हुए विधायक मुनमुन सिवनी की सेवा कर रहे हैं और इसी कारण वे यश के भागीदार बन रहे हैं। उन्होंने भगवान द्वारकाधीश से विधायक के स्वर्णिम भविष्य की कामना की।
ज्योतिर्मठ बद्रीकाश्रम से गौरवपूर्ण प्रशस्ति
वहीं उत्तराम्नय ज्योतिष्पीठ, बद्रीकाश्रम के परमधर्माधीश जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ‘1008’ ने विधायक मुनमुन के प्रयासों को सिवनी के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया।
अपने शुभाशीर्वाद पत्र में उन्होंने कहा कि
पूज्य ब्रह्मलीन जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती जी महाराज का सिवनी से गहरा आध्यात्मिक अनुराग रहा है।
उनके नाम पर स्मारक की स्थापना केवल निर्माण नहीं, बल्कि श्रद्धा से अर्पित पुष्प है।
पत्र में विशेष रूप से उल्लेख किया गया कि—
स्मारक निर्माण हेतु 50 लाख रुपये की स्वीकृति
युवाओं के लिए 157 लाख रुपये के मिनी स्टेडियम की मंजूरी
विधायक मुनमुन के “सर्वे भवन्तु सुखिनः” के संकल्प का सजीव उदाहरण है।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी ने विधायक की राजनीतिक दृढ़ता, लोकसंवेदनशीलता और जनकल्याण के प्रति समर्पण की सराहना करते हुए मंगलकामनाएँ प्रेषित कीं।
उत्साह और गर्व
दो-दो शंकराचार्य पीठों से प्राप्त इस प्रशस्ति के बाद सिवनी जिले में खुशी, गर्व और आत्मविश्वास का वातावरण है।
जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और नागरिकों ने इसे सिवनी के आध्यात्मिक इतिहास का स्वर्णिम अध्याय बताया है।