सिवनी हवाला लूट प्रकरण में नया मोड़ – डीएसपी सहित चार और गिरफ्तार, पुलिस तंत्र में गहरी साज़िश उजागर
पुलिस के बड़े अधिकारियों सहित एक दर्जन पुलिसकर्मी पहुंच चुके जेल
Seoni 18 November 2025
सिवनी यशो:- सिवनी जिले में पिछले महीने 8–9 अक्टूबर की दरमियानी रात हुए करीब 3 करोड़ रुपए के हवाला लूटकांड में अब एक नया और चौंकाने वाला अध्याय जुड़ गया है। जबलपुर क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को बालाघाट के डीएसपी पंकज मिश्रा, साइबर सेल आरक्षक प्रमोद सोनी, पंजू गिरी गोस्वामी और वीरेंद्र दीक्षित को गिरफ्तार किया है। इन सभी को दो दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।

यह कार्रवाई उन अहम तथ्यों के उजागर होने के बाद की गई, जो तकनीकी जांच और पूछताछ के दौरान सामने आए। पुलिस का मानना है कि यह सिर्फ एक लूट नहीं, बल्कि अंदरखाने रची गई संगठित आपराधिक साजिश थी।
इससे पहले 12 पुलिसकर्मी जेल भेजे जा चुके हैं
इस मामले में इससे पहले ही सिवनी की एसडीओपी पूजा पांडे सहित 11 पुलिसकर्मी गिरफ्तार हो चुके हैं।
पूजा पांडे वर्तमान में रीवा जेल में, जबकि बाकी 10 पुलिसकर्मी नरसिंहपुर जेल में न्यायिक हिरासत में हैं।
क्या था पूरा मामला?
घटना की रात:
9 अक्टूबर, लखनवाड़ा थाना क्षेत्र के सीलादेही हाईवे पर चेकिंग के दौरान एक कार से ₹2 करोड़ 96 लाख 50 हजार की संदिग्ध हवाला राशि बरामद हुई।
जांच में सामने आया कि इस दौरान मौके पर मौजूद कुछ पुलिसकर्मियों ने हवाला राशि का एक बड़ा हिस्सा हड़पने की योजना बनाई, जो बाद में उजागर हो गई।
इसके बाद 14 अक्टूबर को आरोपियों पर डकैती, अपहरण और आपराधिक षड्यंत्र सहित गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई।

एएसपी, क्राइम ब्रांच जबलपुर का बयान
एडिशनल एसपी जीतेंद्र सिंह ने बताया —“चारों आरोपी हवाला लूटकांड के आपराधिक षड्यंत्र में शामिल पाए गए हैं। उनके खिलाफ पर्याप्त तकनीकी और साक्ष्यात्मक प्रमाण मिले हैं।
मुख्य आरोपी पूजा पांडे के मोबाइल में डीएसपी पंकज मिश्रा का संपर्क ‘पंकज सर’ के नाम से सेव था।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी तक Meta/Facebook से कोई डेटा नहीं मांगा गया है, लेकिन कॉल डिटेल्स और मोबाइल लोकेशन ने कई महत्वपूर्ण कड़ियाँ खोली हैं।
गिरफ्तार आरोपी अब पुलिस रिमांड पर — खुल सकते हैं और राज
डीएसपी पंकज मिश्रा (खाकी वर्दी में उच्च पद)
प्रमोद सोनी (साइबर सेल आरक्षक – तकनीकी जानकार)
पंजू गिरी गोस्वामी (स्थानीय नेटवर्क से जुड़ा)
वीरेंद्र दीक्षित (पूजा पांडे का जीजा – बाहरी संपर्क सूत्र)
इन आरोपियों से पूछताछ में यह भी पता लगाया जाएगा—
लूट की राशि किसी और तक पहुँची क्या? क्या इस मामले में और बड़े अधिकारी शामिल हैं? क्या हवाला नेटवर्क और पुलिस तंत्र में कोई संबंध है?
सिर्फ यह लूट नहीं, पुलिस सिस्टम की विश्वसनीयता का सवाल यह मामला अब सिर्फ धनराशि लूट का नहीं रहा, बल्कि
पुलिस व्यवस्था की ईमानदारी, विश्वास और नैतिक आधार पर बड़ा प्रश्नचिह्न है।
जिले के राजनीतिक,
सामाजिक और
कानूनी हलकों में इस केस की विश्वसनीय जांच,
कड़ी कार्रवाई और पारदर्शिता की मांग लगातार तेज हो रही है।
अगले चरण की जांच में हो सकते हैं और खुलासे —
अब मामला हाई-प्रोफाइल ज़ोन में
हवाला नेटवर्क पुलिस विभाग के अंदरूनी लिंक
राजनीतिक प्रभाव
पैसों के लेनदेन की पूरी जाँच
सिवनी का यह केस अब प्रदेश स्तर पर सुर्खियों में है और अगले कुछ दिनों में विस्फोटक खुलासों की संभावना है…



