सिवनी : 49 मेडिकल स्टोर्स में से 23 को नोटिस जारी — अमानक दवाओं पर सख्त हुई कार्यवाही
कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले के निर्देश पर औषधि विभाग की टीम ने किया औचक निरीक्षण, पड़ोसी जिले में अमानक सिरप से हुई मौत के बाद बढ़ी सतर्कता
Seoni 04 November 2025
सिवनी यशो:- पड़ोसी जिले में अमानक सिरप से हुई मौत की घटना के बाद सिवनी जिले में औषधि प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले के निर्देशन में गठित निरीक्षण टीम ने जिलेभर में मेडिकल स्टोर्स का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान कुरई तहसील में संचालित 49 मेडिकल दुकानों में से 16 दुकानों पर रजिस्टर्ड फार्मासिस्ट टीम के निरीक्षण के समय उपस्थित नहीं पाए गए।
इस पर औषधि विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित संचालकों को स्पष्टीकरण नोटिस जारी किया है।
🔹 जिन मेडिकल स्टोर्स को नोटिस जारी किए गए
भार्वी मेडिकल स्टोर (बेलपेठ), न्यू संदेश मेडिकल (पतरई), खंडेलवाल मेडिकल स्टोर (पीपरवानी), कृष्णा मेडिकल (दरासीकला), श्री कृष्णा मेडिकल (जोगीवाड़ा), अमन मेडिकल (पिंडकापार), विजय मेडिकल स्टोर (गोहगांव), पवार मेडिकल (मोहगांव), महावीर मेडिकल (कुरई), मां ज्वाला देवी मेडिकल (कालबोडी), सांईं कृपा मेडिकल (कुरई), डहरवाल मेडिकल (पाटन), श्री राधे मेडिकल (सुकतरा), डिवाइन मेडिकल (सुकतरा), राठौर मेडिकल (पीपरवानी) और परिहार मेडिकल (धोबीसर्रा) — इन 16 मेडिकल संचालकों को तीन दिवस के भीतर स्वयं रजिस्टर्ड फार्मासिस्ट के साथ कार्यालय में उपस्थित होकर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
🔹 नियम उल्लंघन पर 7 मेडिकल स्टोर्स को कारण बताओ नोटिस
निरीक्षण दल द्वारा औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 एवं नियमावली 1945 के उल्लंघन पाए जाने पर 7 मेडिकल स्टोर्स —
अमन मेडिकल और संजीवनी मेडिकल (केवलारी), आशुतोष मेडिकल और साहू मेडिकल (छपारा), जय मां दुर्गा राय मेडिकल (चमारीखुर्द), श्री मेडिकल स्टोर (मेहरा पिपरिया) तथा लविश मेडिकल स्टोर (आष्टा) को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
इन संचालकों को तीन दिवस के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
🩺 प्रशासन की सख्ती का कारण
औषधि प्रशासन ने बताया कि –
पड़ोसी जिले में अमानक सिरप के सेवन से हुई मौत के बाद प्रदेशभर में औषधि नियंत्रण की कार्रवाई तेज की गई है।
सिवनी जिले में भी इसी दिशा में सघन निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है
ताकि अमानक, बिना लाइसेंस या नियम विरुद्ध दवाओं की बिक्री को पूरी तरह रोका जा सके।
कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि-
जिले के सभी मेडिकल स्टोर्स की नियमित जांच सुनिश्चित करें और
लाइसेंस, बिलिंग एवं दवा स्टॉक के अभिलेख सुव्यवस्थित रखने पर विशेष ध्यान दें।
📰 विशेष टिप्पणी:
यह कार्यवाही जिले में औषधि नियंत्रण प्रशासन की सक्रियता और
जनस्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में उठाया गया सराहनीय कदम मानी जा रही है।



