“बरगी डैम क्रूज हादसा: लाइफ जैकेट नहीं मिलने से बढ़ा मौत का आंकड़ा, सिस्टम की लापरवाही उजागर”
लाइफ जैकेट भी नहीं थी पर्याप्त, होती तो बच सकती थीं कई जानें”
बरगी डैम क्रूज हादसा – सिस्टम की लापरवाही
जबलपुर (बरगी डैम) में हुए दर्दनाक क्रूज हादसे ने पूरे मध्य प्रदेश को झकझोर दिया है। गुरुवार देर शाम अचानक आई तेज आंधी के कारण बरगी डैम में पर्यटकों से भरा क्रूज पलट गया, जिसमें अब तक 9 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई लोग अब भी लापता हैं।
हादसे में उजागर हुई बड़ी लापरवाही
प्रत्यक्षदर्शियों और शुरुआती जांच में सामने आया है कि क्रूज में सवार कई यात्रियों को लाइफ जैकेट तक उपलब्ध नहीं कराई गई। जिन लोगों ने समय पर लाइफ जैकेट पहनी, उनकी जान बच गई, लेकिन बिना सुरक्षा उपकरण के कई लोग पानी में डूब गए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर बुनियादी सुरक्षा नियमों का पालन किया गया होता, तो यह हादसा इतना भयावह नहीं होता।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक क्रूज में करीब 30 से 31 पर्यटक सवार थे। अचानक मौसम बिगड़ने से तेज हवाएं चलीं और पानी में ऊंची लहरें उठने लगीं। कुछ ही मिनटों में क्रूज का संतुलन बिगड़ा और वह पलट गया।
कई यात्रियों ने बताया कि लाइफ जैकेट बाद में दी गई, जब क्रूज डूबने लगा, तब तक स्थिति नियंत्रण से बाहर हो चुकी थी।
“पर्यटकों को ठूंस-ठूंसकर भरा गया था”
हादसे में सुरक्षित बची एक यात्री ने आरोप लगाया कि क्रूज में क्षमता से अधिक लोग सवार थे। बच्चों को संभालने के लिए कोई व्यवस्था नहीं थी और रेलिंग भी बेहद नीची थी।
यात्रियों के अनुसार, आपात स्थिति में लाइफ जैकेट दी गई, जो लगभग बेकार साबित हुई।
प्रशासन और मंत्री मौके पर
हादसे की सूचना मिलते ही मध्य प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री राकेश सिंह मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी की। राहत और बचाव कार्य देर रात तक जारी रहा।
राकेश सिंह हादसे के दौरान भावुक हो गए और कई शवों को देखकर उनकी आंखें नम हो गईं।
पहले भी उठ चुके थे सवाल
यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी भोपाल की बड़ी झील में क्रूज सुरक्षा को लेकर सवाल उठ चुके हैं। वर्ष 2022 की घटना के बाद लाइफ जैकेट और सुरक्षा नियम अनिवार्य किए गए थे, लेकिन जमीनी स्तर पर उनका पालन नहीं हुआ।
जांच के आदेश
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घटना की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। प्रशासन का कहना है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
बरगी डैम हादसा केवल प्राकृतिक आपदा नहीं, बल्कि सिस्टम की गंभीर लापरवाही का परिणाम माना जा रहा है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही असली जिम्मेदार तय होंगे।





