‘हर घर जल’ योजना की खुलेआम हत्या!
हर घर जल योजना भटेखारी सिवनी कागजों में सफल, जमीन पर फेल
Seoni 14 December 2025
सिवनी यशो:- हर घर जल योजना भटेखारी सिवनी में भ्रष्टाचार और प्रशासनिक लापरवाही का शिकार हो गई है। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन योजना के तहत ₹1.34 करोड़ की लागत से बनाई गई जल आपूर्ति व्यवस्था दो साल बाद भी ग्रामीणों के घरों तक पानी नहीं पहुंचा पाई है, जिससे योजना की गुणवत्ता और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
कागजों में पूरी, जमीन पर फेल योजना
ग्राम पंचायत भटेखारी में जल संरचना निर्माण—जिसमें पानी की टंकी और पाइपलाइन बिछाने का कार्य शामिल है—का ठेका एच डाइमेंशन कंस्ट्रक्शन, सिवनी को दिया गया था।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार यह कार्य वर्ष 2023–24 में पूर्ण कर लिया गया, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट है।

ग्रामीणों का आरोप है कि जैसे ही पंप हाउस से पानी छोड़ा जाता है, नई बिछाई गई घटिया पाइपलाइन जगह-जगह से फट जाती है, जिससे न तो टंकी तक पर्याप्त प्रेशर पहुँच पाता है और न ही घरों तक पानी। परिणामस्वरूप करोड़ों की लागत से बनी पानी की टंकी आज सिर्फ ‘शोभा की सुपारी’ बनकर रह गई है।
ग्रामीणों का आरोप – “पैसा गया, पानी नहीं मिला”
आक्रोशित ग्रामीणों ने कहा,
“करोड़ों रुपये खर्च हो गए, लेकिन हमें आज तक नल से पानी नहीं मिला। यह योजना पूरी तरह से बर्बाद हो चुकी है। इसके लिए सीधे तौर पर PHE अधिकारी और ठेकेदार जिम्मेदार हैं।”
नवागत कार्यपालन यंत्री को गुमराह करने का आरोप
मामले में विभागीय कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
PHE के कार्यपालन यंत्री नरेश कुवाल का कहना है कि टंकी तक जाने वाली पाइपलाइन पुरानी है और योजना को रिवाइज कर नई पाइपलाइन बिछाई जाएगी।
हालांकि ग्रामीणों और सरपंच सुरेंद्र पटले का दावा है कि टंकी तक पानी पहुँचाने के लिए नई पाइपलाइन ही डाली गई है, जो घटिया गुणवत्ता के कारण फट रही है।
सरपंच का आरोप है कि अधीनस्थ कर्मचारी कार्यपालन यंत्री को गुमराह कर रहे हैं और ठेकेदार की खामियों पर पर्दा डाला जा रहा है।

दो साल बाद भी हर घर जल सिर्फ नारा
योजना को शुरू हुए दो साल से अधिक समय बीत चुका है,
लेकिन भटेखारी के ग्रामीण आज भी स्वच्छ पेयजल से वंचित हैं।
प्रशासनिक ढिलाई और ठेकेदार की मनमानी ने केंद्र सरकार की मंशा पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं।
ग्रामीणों ने की उच्च स्तरीय जांच की मांग
स्थिति से त्रस्त ग्रामीणों—
सरपंच सुरेंद्र पटले,
दिलीप बघेल,
श्रीमती लता यादव,
द्वारका प्रसाद यादव,
हजारीलाल विश्वकर्मा, छिद्दीलाल चंद्रवंशी सहित अन्य—
ने निष्पक्ष उच्च स्तरीय तकनीकी जांच की मांग की है।
ग्रामीणों की प्रमुख मांगें:
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निर्माण कार्य की तकनीकी गुणवत्ता की जांच
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दोषी PHE अधिकारियों और ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई
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घटिया निर्माण से हुए नुकसान की वित्तीय वसूली
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शीघ्र नई पाइपलाइन बिछाकर निर्बाध जल आपूर्ति
बड़ा सवाल
जब योजना कागजों में पूरी है,
तो फिर भटेखारी के घरों तक पानी क्यों नहीं पहुँचा?
क्या करोड़ों की राशि भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई?
यदि समय रहते जांच नहीं हुई, तो हर घर जल योजना भटेखारी सिवनी पूरी तरह जनता के भरोसे को खो देगी।


