मंदिर विवाद: तीन अधिकारियों पर निलंबन प्रस्तावित, तीन कर्मचारी हटाए गए और 16 लोगों पर FIR दर्ज
वन विभाग की कार्रवाई पर सवाल; वन विकास निगम की आंतरिक जांच शुरू, पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच तेज की
Seoni 14 November 2025
सिवनी यशो:- बेहरई वन डिपो के पास स्थित लगभग 50 वर्ष पुराने हनुमान मंदिर में 14 नवंबर को हुई कार्रवाई ने सिवनी जिले में बड़ा प्रशासनिक और सामाजिक विवाद खड़ा कर दिया है।
वन विभाग, वन विकास निगम, विश्व हिंदू परिषद/बजरंग दल और पुलिस—चारों स्तरों पर घटनाक्रम तेजी से बदल रहा है, जिससे मामला और गंभीर हो गया है।

विहिप–बजरंग दल का आरोप: मंदिर में तोड़फोड़, सामग्री जप्त, पुजारी को अभिरक्षा में लिया गया
विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल, जिला सिवनी ने पुलिस अधीक्षक को दिए ज्ञापन में आरोप लगाया कि बरघाट थाना अंतर्गत बेहरई वन डिपो के पास स्थित हनुमान मंदिर परिसर में वन विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों ने—
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टीन शेड
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घंटा
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पूजा सामग्री
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दान पेटी
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कलश
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सोलर पैनल
को तोड़फोड़ कर हटाया/जप्त किया।
ज्ञापन में कहा गया कि स्थल पर मौजूद पुजारी को भी विभागीय टीम ने अभिरक्षा में ले लिया, जबकि इस कार्रवाई की सूचना न तो राजस्व विभाग को दी गई और न ही पुलिस विभाग को।
विहिप ने आरोप लगाया कि मौके पर गाली-गलौज भी की गई।
विहिप की मांगें: FIR, गिरफ्तारी और मंदिर को पूर्वस्थिति में पुनर्स्थापित करने की मांग
संगठन ने मांग की है—
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संबंधित सभी अधिकारियों-कर्मचारियों पर तत्काल FIR दर्ज कर गिरफ्तारी की जाए,
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मंदिर को पूर्व स्थिति में पुनः स्थापित किया जाए,
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अन्यथा संपूर्ण हिंदू समाज आंदोलन करेगा, जिसकी जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन की होगी।
आवेदक:
बजरंग दल, बरघाट (जिला सिवनी, म.प्र.)
(हस्ताक्षर अंग्रेजी में स्पष्ट नहीं)
कार्रवाई में शामिल अधिकारी–कर्मचारी (शिकायत के अनुसार)
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एसडीओ: अनिल क्षत्रिय
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रेंजर: दिनेश झारिया, रवि गेडाम, पिचले जी, शैलेन्द्र परते
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डिप्टी रेंजर: मसराम
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नाकेदार: मानेश्वर, भारती मेहम, बरकडे
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चौकीदार: जानकी विसेन, वहीद खान, गोविंद सोलंकी, राजेंद्र चौहान, शिवप्रसाद विसेन, हसीब खान, जावेद खान
वन विकास निगम की बड़ी कार्रवाई: तीन अधिकारियों पर निलंबन की अनुशंसा
वन विकास निगम, बरघाट परियोजना मंडल ने जबलपुर स्थित क्षेत्रीय मुख्य महाप्रबंधक को भेजे पत्र में बताया कि—
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उपसंभागीय प्रबंधक अनिल कुमार क्षत्रिय,
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कार्यवाहक परियोजना क्षेत्रपाल रवि गेडाम,
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कार्यवाहक परियोजना क्षेत्रपाल दिनेश झारिया,
ने वरिष्ठ अधिकारियों को बिना अवगत कराए बेहरई परिक्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की।
निगम ने इसे नियमों का उल्लंघन बताते हुए तीनों अधिकारियों के विरुद्ध निलंबन कार्यवाही की अनुशंसा की है।
परिक्षेत्र बेहरई के तीन कर्मचारियों को हटाने का आदेश
वन विकास निगम के संभागीय प्रबंधक ने आदेश क्रमांक 107 (दिनांक 14-11-2025) के माध्यम से—
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वाहिद खान
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असीम खान
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जावेद खान
को परिक्षेत्र बेहरई से तत्काल प्रभाव से हटाए जाने के निर्देश दिए हैं।
आदेश में उल्लेख है कि यह कदम क्षेत्रीय वानिकी कार्यों एवं वन्यप्राणियों की सुरक्षा के मद्देनज़र उठाया गया है।
पुलिस की कार्रवाई: FIR दर्ज, जांच अधिकारी नियुक्त
बरघाट पुलिस ने विहिप–बजरंग दल का आवेदन प्राप्त होने पर थाना प्रभारी मोहनिश बैस (Inspector) के निर्देश पर FIR दर्ज की।
- पुलिस ने मंदिर में कथित तोड़फोड़, सामग्री जप्ती और पुजारी को अभिरक्षा में लेने की प्रक्रिया की वैधानिकता की जांच शुरू कर दी है।
सूत्रों के अनुसार इस प्रकरण में 16 व्यक्तियों पर मामला दर्ज किया गया है।
मामला अब कई स्तरों पर जांच के दायरे में
घटनास्थल, निगम के पत्र, विहिप के ज्ञापन और पुलिस FIR—इन तीनों दस्तावेज़ों से यह स्पष्ट होता है कि—
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कार्रवाई के अधिकृत आदेश,
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उसके उद्देश्य,
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और विभागीय समन्वय
को लेकर गंभीर असंगतियाँ हैं।
वन विभाग और वन विकास निगम के बीच समन्वय की कमी तथा प्रक्रिया के उल्लंघन को लेकर प्रशासनिक जांच की संभावना बेहद प्रबल हो गई है।
स्थानीय सामाजिक संगठनों और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने भी मामले को गंभीरता से उठाया है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
बेहरई हनुमान मंदिर में हुई कार्रवाई अब साधारण स्थानीय विवाद नहीं रही।
यह मामला पुलिस, वन विभाग, वन विकास निगम और सामाजिक संगठनों—चारों स्तरों पर जांच, अनुशासनात्मक कार्यवाही और कानूनी प्रक्रिया का रूप ले चुका है।
आने वाले दिनों में यह प्रकरण सिवनी जिले की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक घटनाओं में से एक बना रह सकता है





