कांग्रेस को झटका: आनंद बक्षी ने छोड़ी राजनीति, अपनाया आध्यात्मिक मार्ग
पूर्व पार्षद और कमलनाथ के करीबी रहे बक्षी बोले -अब जीवन समाज सेवा और अध्यात्म को समर्पित
आनंद बक्षी कांग्रेस छोड़ – अपनाया आध्यात्मिक मार्ग
Chhindwara 28 March 2026
छिंदवाड़ा यशो:- जिले की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है। कांग्रेस के वरिष्ठ और लंबे समय तक सक्रिय रहे नेता आनंद बक्षी कांग्रेस छोड़ – राजनीति से संन्यास लेकर आध्यात्मिक मार्ग अपनाने की घोषणा की है।
पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने स्पष्ट कहा कि अब वे अपना शेष जीवन अध्यात्म, समाज सेवा और जनजागरण के कार्यों में समर्पित करेंगे।
कांग्रेस को बड़ा झटका
आनंद बक्षी कांग्रेस के सक्रिय चेहरों में गिने जाते थे। वे पूर्व पार्षद रह चुके हैं और एक समय विधायक पद के प्रबल दावेदार भी माने जाते थे। उन्हें कमलनाथ का विश्वस्त सहयोगी माना जाता था, साथ ही नकुलनाथ के भी करीबी रहे हैं।
यह भी पढ़े :-<अब कांग्रेस के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष और 06 बार के विधायक रावत भी भाजपा में ?/p>
धार्मिक गतिविधियों से जुड़ाव
बक्षी सिमरिया स्थित हनुमान मंदिर के प्रमुख कर्ताधर्ता के रूप में भी जाने जाते हैं और लंबे समय से धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं।
आनंद बक्षी कांग्रेस छोड़ -‘अब अध्यात्म ही जीवन का उद्देश्य’
उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश हमेशा से आध्यात्मिक चेतना का केंद्र रहा है और अब वे उसी दिशा में कार्य करेंगे। वे गृहस्थ जीवन में रहकर लोगों को प्रेम, सद्भाव और आध्यात्मिक सोच का संदेश देंगे।
राजनीति से दूरी की वजह
सूत्रों के अनुसार, बदलते राजनीतिक परिदृश्य और भविष्य की संभावनाओं को देखते हुए उन्होंने यह निर्णय लिया है। हालांकि, उन्होंने इसे पूरी तरह व्यक्तिगत और आत्मिक निर्णय बताया।


