मध्यप्रदेशछिंदवाड़ा

शराब के नशे में हाथी को छेड़ना पड़ा भारी, बिस्किट खिलाने पहुंचे दो युवकों पर किया हमला

सूंड पकड़ने की कोशिश में भड़का हाथी, महावत की चेतावनी के बावजूद नहीं माने युवक; दोनों अस्पताल में भर्ती।

छिंदवाड़ा हाथी हमला : शराब के नशे में हाथी के पास पहुंचे दो युवक घायल, आशीर्वाद लेना पड़ा भारी

Chhindwara 02 July 2026
छिंदवाड़ा यशो:- जिले के चौरई-गुरैया मार्ग पर गुरुवार को एक हाथी के करीब जाकर आशीर्वाद लेने का प्रयास दो युवकों को भारी पड़ गया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोनों युवक शराब के नशे में हाथी के पास पहुंच गए और उसे बिस्किट खिलाने तथा उसकी सूंड पकड़ने का प्रयास करने लगे।

यह भी पढ़े :- ‘एक वृक्ष–एक मित्र’ अभियान से जुड़ रहे शहरवासी, रजवाड़ा परिवार ने किया निःशुल्क पौधों का वितरण

इस दौरान हाथी अचानक उग्र हो गया और दोनों पर हमला कर दिया। हादसे में दोनों युवक घायल हो गए, जिन्हें तत्काल चौरई अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रदीप कहार पिता संतोष कहार निवासी कोठे यादव अपने एक साथी के साथ बाइक से चौरई से गुरैया की ओर जा रहा था।

यह भी पढ़े :सिवनी जिला शिक्षा विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, जिला परियोजना समन्वयक सहित सहायक संचालक बदले

इसी दौरान अमरकंटक से उज्जैन स्थित महाकालेश्वर धाम की यात्रा पर निकले हाथी एवं उसके साथ चल रहे साधु-संतों के दल से उनकी मुलाकात हुई।

बताया जाता है कि दोनों युवक हाथी के अत्यधिक करीब पहुंच गए, जिससे वह भड़क उठा और हमला कर दिया।

यह भी पढ़े :बरघाट में ‘मन की बात’ का सामूहिक श्रवण, डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जयंती पर डिजिटल लर्निंग प्रशिक्षण का आयोजन

महावत ने पहले ही किया था सतर्क

हाथी के साथ चल रहे महावत दल के सदस्य राजू वासनिक और गणेश वासुदेव ने बताया कि उन्होंने युवकों को पहले ही हाथी से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी थी।

इसके बावजूद दोनों युवक हाथी के पास पहुंचकर उसे छूने और खिलाने का प्रयास करने लगे, जिससे हाथी आक्रोशित हो गया।

घायलों ने भी माना, दल की नहीं थी कोई गलती

घटना के बाद हाथी के साथ चल रहे दल के सदस्यों ने तुरंत घायलों की मदद की और उन्हें अस्पताल पहुंचाया।

यह भी पढ़े :सौंसर के तीन एथेनॉल प्लांट में प्रतिदिन लाखों लीटर उत्पादन, प्रदूषण नियंत्रण के सभी मानक अपनाए गए: क्षेत्रीय अधिकारी एम.पी. तिवारी

उपचार करा रहे दोनों युवकों ने भी स्वीकार किया कि हाथी के साथ चल रहे महावत और साधु-संतों की कोई गलती नहीं थी। उन्होंने बताया कि यह दुर्घटना उनकी लापरवाही के कारण हुई।

सावधानी जरूरी

वन्यजीव विशेषज्ञों और प्रशासन का कहना है कि हाथी जैसे विशाल एवं संवेदनशील जानवर के अत्यधिक करीब जाना,

उसे छूने, सूंड पकड़ने या खिलाने का प्रयास करना बेहद खतरनाक हो सकता है। ऐसे जानवरों से हमेशा सुरक्षित दूरी बनाए रखना ही सबसे सुरक्षित उपाय है।

https://www.wildlife.buzz/

Dainikyashonnati

Related Articles

Back to top button