जिला पंचायत उपाध्यक्ष ने भाजपा सरकार को घेरा, छिंदवाड़ा-पांढुर्णा को सूखाग्रस्त घोषित कर किसानों को राहत देने की मांग
Chhindwara, 28 October 2026
छिंदवाड़ा यशो:- जिला पंचायत उपाध्यक्ष अमित सक्सेना ने छिंदवाड़ा-पांढुर्णा जिले में सिंचाई परियोजनाओं की प्रगति, किसानों की समस्याओं और सूखे की स्थिति को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के नेता पुरानी स्वीकृत परियोजनाओं और पहले से चल रहे विकास कार्यों को नई सौगात बताकर प्रचारित कर रहे हैं, जबकि किसानों को राहत देने और जिले की सिंचाई व्यवस्था मजबूत करने के लिए सरकार की ठोस पहल पर सवाल बने हुए हैं।
अमित सक्सेना ने कहा कि भाजपा सांसद, जिला अध्यक्ष से लेकर मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री तक छिंदवाड़ा के लिए ऐसी नई योजनाओं और परियोजनाओं का उल्लेख नहीं कर पा रहे हैं, जिनका सीधा लाभ जिले की जनता को मिल रहा हो। उनके अनुसार, जिले के विकास में पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ की सोच और उनके कार्यकाल में आगे बढ़ाई गई परियोजनाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
कमलनाथ के विकास कार्यों को बताया जिले की पहचान
जिला पंचायत उपाध्यक्ष ने माचागोरा जलाशय, मेडिकल कॉलेज, विश्वविद्यालय, रिंग रोड, औद्योगिक गतिविधियों और स्किल सेंटर जैसी परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि ये जिले में विकास की दिशा तय करने वाले महत्वपूर्ण कार्य हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार और उसके नेता इन कार्यों के आधार पर राजनीतिक श्रेय लेने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि जिले के लिए नई विकास योजनाएं लाने और मौजूदा परियोजनाओं को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि विकास का आकलन केवल घोषणाओं और प्रचार से नहीं, बल्कि इस बात से होना चाहिए कि योजनाओं का लाभ किसानों, युवाओं, श्रमिकों और आम नागरिकों तक कितना पहुंच रहा है।
कन्हान सिंचाई कॉम्प्लेक्स और माइक्रो इरिगेशन पर मांगा जवाब
अमित सक्सेना ने कन्हान सिंचाई कॉम्प्लेक्स परियोजना, माचागोरा बांध परियोजना और माइक्रो इरिगेशन योजनाओं की प्रगति को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि इन परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति क्या है, सिंचाई क्षमता बढ़ाने के लिए अब तक क्या काम हुआ है और किसानों को इसका कितना लाभ मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा-पांढुर्णा क्षेत्र में किसानों के सामने सूखे जैसी परिस्थितियां गंभीर चिंता का विषय हैं। ऐसे समय में सरकार की प्राथमिकता राजनीतिक प्रचार के बजाय खेतों तक पानी पहुंचाने, फसलों को बचाने और प्रभावित किसानों को राहत उपलब्ध कराने की होनी चाहिए।
छिंदवाड़ा-पांढुर्णा को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग
जिला पंचायत उपाध्यक्ष अमित सक्सेना ने राज्य सरकार से छिंदवाड़ा-पांढुर्णा को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में सूखे की स्थिति का गंभीरता से आकलन कर प्रभावित किसानों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
उन्होंने सरकार से मांग की कि सिंचाई परियोजनाओं की प्रगति पर स्पष्ट जानकारी सार्वजनिक की जाए, लंबित कार्यों को गति दी जाए और किसानों को राहत देने के लिए समयबद्ध कदम उठाए जाएं।
अमित सक्सेना ने कहा कि छिंदवाड़ा के विकास और किसानों के हितों के मामले में सरकार को राजनीतिक दावों से आगे बढ़कर ठोस काम दिखाना होगा। जिले की जनता को घोषणाओं से अधिक उन योजनाओं की आवश्यकता है, जिनका लाभ सीधे उसके जीवन और आजीविका तक पहुंचे।