स्कूलों से विदा होंगे अनुभव के धनी शिक्षक, पीछे छोड़ जाएंगे संस्कारों की अमूल्य विरासत
31 मई को सेवा निवृत्त होंगे शिक्षा और जनजातीय कार्य विभाग के 22 शिक्षक एवं कर्मचारी, हजारों विद्यार्थियों के जीवन में छोड़ गए अमिट छाप

22 शिक्षक सेवा निवृत्त | सिवनी शिक्षा विभाग के शिक्षकों को भावभीनी विदाई
Seoni 30 May 2026
सिवनी यशो:- विद्यालय केवल पढ़ाई का स्थान नहीं होता, बल्कि वह संस्कार, ज्ञान और व्यक्तित्व निर्माण की ऐसी कार्यशाला होती है, जहां शिक्षक अपने जीवन का प्रत्येक दिन समाज और राष्ट्र के भविष्य को गढ़ने में समर्पित कर देता है।
वर्षों तक बच्चों की उंगलियां पकड़कर उन्हें जीवन की राह दिखाने वाले ऐसे ही 22 शिक्षकों एवं कर्मचारियों का एक गौरवशाली सेवाकाल 31 मई 2026 को पूर्ण होने जा रहा है।
शिक्षा विभाग एवं जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत विकासखंड सिवनी, केवलारी, बरघाट, छपारा, लखनादौन, घंसौर, धनौरा और कुरई में कार्यरत इन शिक्षकों ने अपने जीवन का स्वर्णिम समय विद्यालयों, विद्यार्थियों और शिक्षा व्यवस्था को समर्पित किया।
इनमें से कई ऐसे हैं जिन्होंने दूरस्थ ग्रामीण अंचलों में विपरीत परिस्थितियों के बीच शिक्षा की अलख जगाई, तो कई ने हजारों विद्यार्थियों को सफलता की ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सेवा निवृत्ति केवल शासकीय सेवा का अंत नहीं है, बल्कि यह उस लंबी यात्रा का पड़ाव है जिसमें अनगिनत यादें, संघर्ष, उपलब्धियां, विद्यार्थियों की सफलताएं और समाज का सम्मान जुड़ा होता है। आज जिन शिक्षकों को विदाई दी जा रही है,
वे अपने पीछे ज्ञान, अनुशासन, संस्कार और समर्पण की ऐसी विरासत छोड़ रहे हैं जो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनी रहेगी।
म.प्र. शिक्षक कांग्रेस जिला सिवनी ने सेवा निवृत्त होने वाले सभी शिक्षकों एवं कर्मचारियों को भावभीनी शुभकामनाएं देते हुए कहा है कि इन सभी साथियों का योगदान शिक्षा जगत में सदैव स्मरणीय रहेगा। इनके अनुभव, मार्गदर्शन और शिक्षण मूल्यों का लाभ समाज को आगे भी मिलता रहेगा।
सेवा निवृत्त होने वाले सम्माननीय शिक्षक एवं कर्मचारी
मीना ठाकुर
अतुल चन्द्र सक्सेना
प्रतिष्ठा एडविन
उत्तमा शर्मा
झलकन सिंह मर्सकोले
रामदास गजभिए
अर्चना वाजपेयी
माया वर्मा
रूपनारायण आत्मपूज्य
लेखचंद हथकंड़े
श्रवणलता वाजपेयी
तेन सिंह पटले
डीलन सिंह भैरम
काशीराम अड़माचे
नारायण प्रसाद तुरकर
देवलाल झारिया
जोधराम तिवारी
नरेन्द्र कुमार शर्मा
राजकुमार पाराशर
राजेश कुमार सोनी
आनन्द कुमार गोंनगे
शिक्षा जगत का अमूल्य योगदान रहेगा सदैव स्मरणीय
इन सभी शिक्षकों और कर्मचारियों ने अपने कार्यकाल में केवल पाठ्यक्रम नहीं पढ़ाया, बल्कि बच्चों को सपने देखना, लक्ष्य निर्धारित करना और जीवन में आगे बढ़ना भी सिखाया। उनके द्वारा बोए गए ज्ञान और संस्कार के बीज आज हजारों परिवारों में फल-फूल रहे हैं।
विद्यालयों की घंटियों, कक्षाओं की चहल-पहल, विद्यार्थियों के प्रश्नों और वार्षिक उत्सवों की यादें अब उनके जीवन की अमूल्य धरोहर बनेंगी। वहीं उनके विद्यार्थी और सहकर्मी उन्हें सदैव सम्मान और कृतज्ञता के साथ याद करेंगे।
म.प्र. शिक्षक कांग्रेस जिला सिवनी के जिलाध्यक्ष नरेंद्र मिश्रा सहित समस्त पदाधिकारियों ने सभी सेवा निवृत्त साथियों के स्वस्थ, सुखमय, सम्मानपूर्ण एवं दीर्घायु जीवन की मंगलकामनाएं व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभेच्छाएं प्रेषित की हैं।
“एक शिक्षक कभी सेवानिवृत्त नहीं होता, वह अपने अनुभवों, संस्कारों और विद्यार्थियों की सफलताओं में हमेशा जीवित रहता है।”



