द्वारकाधीश मंदिर प्राण प्रतिष्ठा को लेकर 12 जनवरी को महिला समिति की अहम बैठक
धार्मिक आयोजन की आत्मा है मातृशक्ति, उसी से बनता है महोत्सव ऐतिहासिक
द्वारकाधीश मंदिर प्राण प्रतिष्ठा को लेकर 12 जनवरी को महिला समिति की अहम बैठक
धार्मिक आयोजन की आत्मा है मातृशक्ति, उसी से बनता है महोत्सव ऐतिहासिक
Seoni 10 January 2026
सिवनी यशो:-सीलादेही स्थित शंकराचार्य आश्रम परिसर में आगामी 21 से 28 फरवरी 2026 तक आयोजित होने वाले द्वारकाधीश मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान करने के उद्देश्य से 12 जनवरी 2026 को महिला समिति की विशेष बैठक आयोजित की जा रही है।

दादू मोहल्ला में होगी बैठक, मातृशक्ति की भूमिका पर मंथन
यह बैठक दादू मोहल्ला स्थित पंडित आलोक दुबे के निवास पर दोपहर 03 बजे आयोजित की जाएगी। बैठक का मुख्य उद्देश्य इस विराट धार्मिक आयोजन में मातृशक्ति की सक्रिय, सशक्त एवं निर्णायक भूमिका सुनिश्चित करना है।
धार्मिक आयोजनों की गरिमा महिलाओं की सहभागिता से होती है पूर्ण
आयोजन समिति के अनुसार किसी भी धार्मिक महोत्सव की भव्यता, अनुशासन, संस्कार और आध्यात्मिक ऊर्जा मातृशक्ति की उपस्थिति और सहभागिता से ही पूर्ण होती है। इसी दृष्टि से महिला समिति की यह बैठक अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
पूज्य शंकराचार्य जी के मार्गदर्शन में बनेगी महिला सहभागिता की कार्ययोजना
पूज्य शंकराचार्य स्वामी सदानंद जी सरस्वती महाराज के पावन मार्गदर्शन में आयोजित इस प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव की सफलता एवं सुव्यवस्थित संचालन हेतु बैठक में महिला सहभागिता को केंद्र में रखकर विस्तृत कार्ययोजना पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
महिला समिति को मिलेंगी विशेष जिम्मेदारियां
प्राण प्रतिष्ठा समारोह समिति के सचिव पंडित आलोक दुबे ने बताया कि-
यह आयोजन वृहद, ऐतिहासिक एवं स्मरणीय होगा।
इसमें मातृशक्ति की अधिकतम उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए स्वागत, पूजन, सांस्कृतिक समन्वय, सेवा व्यवस्था एवं अनुशासन जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां महिलाओं को सौंपी जाएंगी।
देशभर से संत-महात्मा और विशिष्ट अतिथियों का आगमन
आयोजन समिति के अनुसार इस भव्य धार्मिक महोत्सव में देश के विभिन्न राज्यों से संत-महात्मा, धर्माचार्य, विद्वान एवं विशिष्ट वीवीआईपी अतिथि शामिल होंगे।
यह आयोजन ब्रह्मलीन जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद जी सरस्वती महाराज की पुण्य स्मृति को समर्पित रहेगा।
7 दिवसीय धार्मिक-सांस्कृतिक अनुष्ठानों की विराट श्रृंखला
21 से 28 फरवरी 2026 तक आयोजित महोत्सव के दौरान—
प्रतिदिन श्रीमद्भागवत कथाविशाल धार्मिक मेला एवं प्रदर्शनीनि:शुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर सातों दिन सांस्कृतिक कार्यक्रम श्रद्धालुओं के लिए भंडारों का आयोजन
मातृशक्ति बनेगी महोत्सव की आत्मा
आयोजन समिति का स्पष्ट कहना है कि-
यह प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव धार्मिक,
सामाजिक और
सांस्कृतिक समरसता का अनुपम उदाहरण बनेगा।
इसकी आत्मा मातृशक्ति की सक्रिय सहभागिता होगी,
इसी उद्देश्य से महिलाओं की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने यह विशेष बैठक आयोजित की जा रही है।





