मध्यप्रदेश सरकार फसल खरीदी से पीछे हटी, मोहन यादव के पत्र पर कांग्रेस का हमला
मध्यप्रदेश सरकार ने धान और गेहूँ की खरीदी पर झाड़े हाथ, कांग्रेस ने बोला हमला - “कर्ज में डूबी सरकार अब किसानों को भी कर रही निराश”
Seoni 03 November 2025
सिवनी यशो:- मध्यप्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार ने प्रदेश के किसानों से फसल खरीदी को लेकर अब हाथ खड़े कर दिए हैं।
जिला कांग्रेस कमेटी सिवनी के अध्यक्ष नरेश मरावी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने केन्द्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय को पत्र लिखकर साफ कहा है कि राज्य सरकार अब किसानों की फसल खरीदी करने में असमर्थ है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा भेजे गए पत्र में उल्लेख किया गया है कि प्रदेश में उपार्जन पिछले वर्षों में तेजी से बढ़ गया है —
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गेहूँ: 77.74 लाख मीट्रिक टन,
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धान: 43.49 लाख मीट्रिक टन।
इतनी बड़ी मात्रा में उपार्जन के कारण भंडारण, भुगतान और लागत प्रतिपूर्ति में गंभीर कठिनाइयाँ सामने आ रही हैं।
पत्र में यह भी स्वीकार किया गया है कि राज्य सरकार पर 72,177 करोड़ रुपए का कर्ज है, जिसका पुनर्भुगतान करना भारी हो रहा है।
नरेश मरावी ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने मध्यप्रदेश को कर्ज के दलदल में धकेल दिया है। उन्होंने कहा —
“चुनावों में किसानों से बड़े-बड़े वादे करने वाली भाजपा अब पीठ दिखा रही है। जब करोड़ों रुपए सरकारी आयोजनों में खर्च होते हैं, तब कर्ज याद नहीं आता; लेकिन किसानों की बारी आई तो सरकार असमर्थ हो गई।”
उन्होंने कहा कि –
अतिवृष्टि और आर्थिक संकट से जूझ रहे किसानों के सामने अब फसल बेचने का संकट खड़ा है।
यदि धान और गेहूँ की खरीदी समय पर शुरू नहीं हुई,
तो किसान कर्ज में डूब जाएंगे और व्यापारी इसका लाभ उठा लेंगे।
मरावी ने मुख्यमंत्री से तत्काल फसल खरीदी प्रारंभ करने और
किसानों के हित में ठोस निर्णय लेने की मांग की है।
https://www.ibc24.in/madhya-pradesh/bhopal/dhan-kharidi-cancelled-3321267.html



