जिला अस्पताल में मॉक ड्रिल: हिस्सा ढहा, मरीज फंसे; एनडीआरएफ ने बचाव किया
एनडीआरएफ की 11वीं बटालियन वाराणसी टीम ने भूकंप आपदा प्रबंधन पर दिया प्रशिक्षण, डॉक्टरों-नर्सिंग स्टाफ और आमजन को सुरक्षा उपायों से कराया अवगत
Seoni 23 September 2025
सिवनी यशो:- भारत सरकार गृह विभाग के मार्गदर्शन में 11वीं बटालियन एनडीआरएफ वाराणसी की टीम ने आज जिला चिकित्सालय में भूकंप आपदा प्रबंधन विषय पर विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान टीम ने चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ एवं अस्पताल में मौजूद लोगों को भूकंप की स्थिति में सुरक्षा के उपायों की जानकारी दी।
मॉक ड्रिल का परिदृश्य
मॉक अभ्यास के दौरान भूकंप आपदा पर एक परिदृश्य को चित्रित किया गया, जिसमें जिला अस्पताल, सिवनी की इमारत का हिस्सा ढहने से कुछ मरीज के फंस जाने एवं बिजली के शॉर्ट सर्किट के कारण इमारत के एक हिस्से में आग लगने का प्रदर्शन किया गया।
तदनुसार, ई ओ सी (Emergency Operation Centre) को घटना के बारे में सूचित किया गया। जिसने एनडीआरएफ के नियंत्रण कक्ष एवं सभी संबंधित हितधारकों को आपात प्रतिक्रिया के लिए सूचित किया। एनडीआरएफ की टीम के पहुंचने से पहले सतही पीड़ितों को प्रथम उत्तरदाताओं ने सुरक्षित निकाल लिया।
एनडीआरएफ का बचाव अभियान
एनडीआरएफ की टीम निरीक्षक संजीव कुमार गुप्ता कि नेतृत्व में घटना स्थल पर पहुंचने पर प्रारंभिक आकलन किया तथा ऑपरेशन बेस, कमांड पोस्ट, मेडिकल पोस्ट, कम्युनिकेशन पोस्ट स्थापित किए।
आकलन के तुरंत बाद टीम ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और विक्टिम लोकेटिंग सिस्टम तथा कटिंग उपकरणों का इस्तेमाल करते हुए इमारत में पहुँच बनाकर गंभीर रूप से फंसे पीड़ितों को बचाया।
ऊपरी मंजिल में फंसे अन्य पीड़ितों को विभिन्न रस्सी बचाव तकनीकों से बचाया गया। पीड़ितों को अस्पताल पूर्व उपचार देने के बाद मेडिकल एजेंसियों द्वारा अस्पताल पहुंचाया गया। यह पूरा मॉक अभ्यास इंसिडेंट रिस्पांस सिस्टम के दिशानिर्देशों के अनुसार आयोजित किया गया था और पूरी प्रक्रिया का पालन किया गया।
मुख्य उद्देश्य
इस मॉक अभ्यास का मुख्य उद्देश्य भूकंप आपदा के दौरान प्रभावित हुए व्यक्तियों के अमूल्य जीवन की रक्षा करना,
सभी रेस्पोंस एजेंसियों का रेस्पोंस चेक करना व सभी हित धारकों के बीच आपसी समन्वय स्थापित करना
तथा राहत व बचाव कार्य के संचालन में आने वाली कमियों की समीक्षा कर उन्हें दूर करना भी है।
व्यापक सहभागिता
मॉक ड्रिल में
होमगार्ड,
एसडीआरएफ सहित
डीडीएमए,
पुलिस
स्वास्थ्य,
आपदा मित्र,
अस्पताल कर्मचारी,
स्थानीय लोग
तथा मीडिया कर्मियों ने भाग लिया।
एनडीआरएफ बचाव दल द्वारा प्रदर्शित पेशेवर कौशल की जिला प्रशासन एवं
अन्य हितधारकों द्वारा अत्यधिक सराहना की गई।
इस अवसर पर डिप्टी कलेक्टर श्री विजय सेन सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारियों की उपस्थिति भी रही।



